Jio Platforms IPO: संस्थागत निवेशकों ने लगाई 2.5 लाख करोड़ की बोलियां, एंकर बुक 30 गुना भरी

By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Oct 19, 2026

जियो प्लेटफॉर्म्स के आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के लिए संस्थागत निवेशकों ने करीब 2.5 लाख करोड़ रुपये की बोलियां लगाई हैं। कंपनी में हिस्सेदारी लेने के इच्छुक निवेशकों में वैश्विक परिसंपत्ति प्रबंधक, सरकारी निवेश कोष, घरेलू म्यूचुअल फंड और बीमा कंपनियां शामिल हैं। रिलायंस इंडस्ट्रीज की यह अनुषंगी कंपनी शेयर बाजार में सूचीबद्ध होने की तैयारी कर रही है।

सूत्रों ने बताया कि ‘एंकर बुक’ श्रेणी के लिए बोलियां लगाने वाली वैश्विक निवेश कंपनियों में ब्लैकरॉक, कैपिटल ग्रुप, फिडेलिटी इन्वेस्टमेंट्स, टी. रो प्राइस, श्रोडर्स, जेपी मॉर्गन एसेट मैनेजमेंट, फ्रैंकलिन टेम्पलटन, इनवेस्को और जेनस हेंडरसन शामिल हैं। ‘एंकर बुक’ आईपीओ में बड़े संस्थागत निवेशकों से जुटाई जाने वाली बोलियों और निवेश की प्रक्रिया से जुड़ी होती है। उन्होंने बताया कि सिंगापुर के जीआईसी, अबू धाबी निवेश प्राधिकरण, कतर निवेश प्राधिकरण और नॉर्वे के नोर्गेस बैंक इन्वेस्टमेंट मैनेजमेंट समेत सरकारी और सार्वजनिक निवेश संस्थानों ने भी निवेश के लिए बोलियां लगाईं।

भारतीय संस्थानों की भी इसमें प्रमुख भागीदारी रही। बोली लगाने वालों में एसबीआई म्यूचुअल फंड, आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल म्यूचुअल फंड, एचडीएफसी म्यूचुअल फंड, आदित्य बिड़ला सन लाइफ म्यूचुअल फंड, निप्पॉन इंडिया म्यूचुअल फंड और कोटक महिंद्रा एसेट मैनेजमेंट कंपनी जैसे प्रमुख म्यूचुअल फंड शामिल रहे। सूत्रों के अनुसार, भारतीय जीवन बीमा निगम, एचडीएफसी लाइफ इंश्योरेंस, एसबीआई लाइफ इंश्योरेंस, एसबीआई पेंशन फंड्स, एचडीएफसी पेंशन और आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल समेत बीमा कंपनियों और पेंशन कोषों ने भी बोलियां लगाईं।

इस भागीदारी में अलग-अलग निवेश उद्देश्यों वाले घरेलू और विदेशी संस्थान शामिल हैं। जियो प्लेटफॉर्म्स 30,213 करोड़ रुपये जुटाने के लिए आईपीओ ला रही है। यह सार्वजनिक अभिदान के लिए 21 अक्टूबर को खुलेगा और 23 अक्टूबर को बंद होगा।

मूल्य दायरा 1,065 से 1,119 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है। निर्गम में 27 करोड़ तक नए शेयर जारी किए जाएंगे। इसमें मौजूदा शेयरधारकों की ओर से बिक्री पेशकश (ओएफएस) शामिल नहीं होगी।

इस आईपीओ के भारत का अब तक का सबसे बड़ा सार्वजनिक निर्गम बनने की उम्मीद है। मूल्य दायरे के ऊपरी स्तर पर कंपनी का मूल्यांकन करीब 108 अरब अमेरिकी डॉलर हो सकता है। कंपनी के आईपीओ दस्तावेजों के अनुसार, इससे जुटाई गई राशि का इस्तेमाल कुछ हद तक उसकी दूरसंचार अनुषंगी कंपनी का कर्ज चुकाने और सामान्य कारोबारी जरूरतों को पूरा करने के लिए किया जाएगा।

प्रमुख खबरें

Bombay High Court का अहम फैसला, प्रदर्शन शांतिपूर्ण हो और अपराधियों को जगह न मिले

भारतीय मूल की Navi Pillay को Nobel Peace Prize मिलने पर India क्यों नहीं दे रहा बधाई? कारण जानकर चौंक जाएँगे!

Travel Tips: राजस्थान के Bera में लें बजट Night Safari और Jawai Dam का अद्भुत आनंद

अयोध्या राम मंदिर में चंदा चोरी पर Jairam Ramesh का हमला, BJP और SIT जांच पर उठाए सवाल