By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Oct 21, 2026
सार्वजनिक क्षेत्र की गैर-लाभकारी कंपनी कर्मयोगी भारत और ओपनएआई ने भारत की सिविल सेवाओं में क्षमता विकास को मजबूत करने के लिए सहयोग की बुधवार को घोषणा की। इसका उद्देश्य सरकारी कर्मचारियों को कृत्रिम मेधा (एआई) का आत्मविश्वास के साथ उपयोग करने और नई क्षमताओं के जरिये जनसेवाओं के बेहतर परिणाम हासिल करने में मदद करना है। कर्मयोगी भारत आईजीओटी कर्मयोगी मंच का संचालन और प्रबंधन करती है। यह मंच सिविल सेवा के अधिकारियों को उनकी दक्षता बढ़ाने के लिए कभी भी, कहीं भी और किसी भी उपकरण से सीखने की सुविधा देता है।
आईजीओटी कर्मयोगी पर ओपनएआई अकादमी के संसाधन उपलब्ध कराकर हमारा उद्देश्य सरकारी कर्मचारियों को एआई का आत्मविश्वास के साथ उपयोग करने, इसका जिम्मेदारी से इस्तेमाल करने और नई क्षमताओं के जरिए जनसेवाओं के बेहतर परिणाम हासिल करने में मदद करना है।’’
ओपनएआई इंडिया में रणनीति एवं सरकारी मामलों की प्रमुख प्रज्ञा मिश्रा ने कहा कि भारत में एआई के अवसर इस बात पर निर्भर करेंगे कि लोगों और संस्थानों की प्रौद्योगिकी तक पहुंच कितनी है, इसके साथ ही वे इसका प्रभावी ढंग से इस्तेमाल कैसे करते हैं।
छवि ने कहा, ‘‘यह सहयोग क्षमता विकास को सरकार की बदलती जरूरतों के अनुरूप बनाए रखने और भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार सिविल सेवा के मिशन कर्मयोगी के दृष्टिकोण को आगे बढ़ाने में मदद करेगा।’’