पैरों को क्रॉस करके बैठने से स्वास्थ्य को होते हैं यह नुकसान

By मिताली जैन | Apr 02, 2020

बैठते समय अगर किसी स्टाइलिश पॉश्चर की बात हो तो उसमें क्रॉस लेग का नाम जरूर आता है। अक्सर आपने लोगों को पैर क्रॉस करके बैठते हुए देखा होगा या फिर आप खुद भी कई बार पैर क्रॉस करके बैठते होंगे। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस तरह बैठना ना सिर्फ आपके पैरों को बल्कि पूरे स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाता है। तो चलिए आज हम आपको पैरों को क्रॉस करके बैठने से होने वाले नुकसानों के बारे में बता रहे हैं−

 

इसे भी पढ़ें: फंगल इंफेक्शन से बचने के लिए अपनाएं यह आसान उपाय

रक्तचाप का बढ़ना

कुछ अध्ययनों में कहा गया है कि यदि आप लंबे समय तक क्रॉस−लेग करते हैं, तो शरीर का रक्तचाप बढ़ जाता है क्योंकि यह नसों पर दबाव डालता है। भले ही आपको रक्तचाप की समस्या ना भी हो तो भी आपको इस आसन में अधिक समय तक बैठने से बचना चाहिए।


पक्षाघात की संभावना

एक और कारण जिसके चलते आपको लंबे समय तक क्रॉस−लेग बैठने से बचना चाहिए, वह है पक्षाघात या पेरोनियल तंत्रिका पक्षाघात नामक स्थिति। लंबे समय तक एक ही स्थिति में बैठने से तंत्रिकाओं पर अत्यधिक दबाव पड़ता है और इससे उन्हें नुकसान पहुंचा सकता है।


ब्लड सर्कुलेशन पर प्रभाव

क्रॉस−लेग स्थिति आपके रक्त परिसंचरण को बहुत प्रभावित करती है। ऐसा इसलिए है क्योंकि जब आप अपना एक पैर दूसरे के ऊपर रखते हैं, तो इससे रक्त उपर से नीचे की तरफ आना बंद करता है। ऐसे में आपका हृदय उल्टा पम्प करने लगता है। यह बदले में, रक्त परिसंचरण को नकारात्मक रूप से प्रभावित करता है।

 

इसे भी पढ़ें: इन टिप्स को अपनाने के बाद हाथ−पैर नहीं होंगे सुन्न

लिगामेंट को नुकसान

लंबे समय तक क्रॉस−लेग किए जाने से लिगामेंट को नुकसान हो सकता है जो हमारी पीठ के निचले हिस्से और हमारे पैरों के बीच फैला होता है, जो समय के साथ आपकी नसों को नुकसान पहुंचा सकता है। क्रॉस लेग करके बैठते समय पैरों पर दबाव पड़ने से रक्त का प्रवाह बाधित हो जाता है, जिससे रक्त नसों के एक निश्चित क्षेत्र में एकत्रित हो जाता है। इस स्थिति में बैठने से पैरों में सूजन हो सकती है और नसें सिकुड़ सकती हैं। जिसके चलते स्पाइडर नसों या वैरिकाज़ नसों के विकास की संभावना को बढ़ जाती है।


पीठ व गर्दन में दर्द

आपको शायद पता ना हो, लेकिन क्रॉस लेग करके बैठने से आपको पीठ व गर्दन में दर्द की शिकायत हो सकती है। इतना ही नहीं, इसके चलते डिस्क हर्नियेशन भी हो सकता है। दरअसल, क्रॉस लेग करते समय जब एक पैर के ऊपर दूसरा पैर रखा जाता है तो इससे कूल्हों में असंतुलन हो सकता है, जिससे रीढ़ पर दबाव बढ़ सकता है और दर्द हो सकता है। 


मिताली जैन


All the updates here:

प्रमुख खबरें

Happy Holi 2026 | दिल्ली में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम, 15,000 जवान तैनात, हुड़दंगियों और ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों की खैर नहीं

Share Market Opening Bell | शेयर बाजार में ब्लैक वेडनेसडे! युद्ध के डर से सेंसेक्स 1700 पॉइंट टूटा, निवेशकों के 9.3 लाख करोड़ डूबे

Tehran से सीधे भिड़ेगा France? सबसे घातक परमाणु विमानवाहक पोत Charles de Gaulle समंदर में उतरा, Rafale ने भरी हुंकार! Middle East War

Lathmar Holi: Barsana की World Famous लट्ठमार होली, जानें क्यों राधा की सखियों की लाठियां खाते थे कान्हा