By अंकित सिंह | Sep 03, 2024
बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और राजद प्रमुख लालू प्रसाद यादव ने कहा कि अगर भाजपा जाति जनगणना का विरोध करती है, तो वह पार्टी और उसके मूल संगठन, आरएसएस के नेताओं को ऐसा करने के लिए उठक-बैठक करवाएंगे। लालू प्रसाद यादव जातीय जनगणना को आरएसएस के सशर्त समर्थन पर प्रतिक्रिया दे रहे थे। राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ ने सोमवार को केरल में अपनी तीन दिवसीय समन्वय बैठक के दौरान कहा कि वह विशिष्ट समुदायों के कल्याण के लिए जनगणना डेटा एकत्र करने के खिलाफ नहीं है। इसने राजनीतिक लाभ के लिए डेटा के उपयोग के प्रति भी आगाह किया।
कांग्रेस ने एक्स पर लिखा कि आरएसएस ने जातिगत जनगणना का खुलकर विरोध कर दिया है। आरएसएस का कहना है- जातिगत जनगणना समाज के लिए सही नहीं है।इस बयान से साफ है कि भाजपा और आरएसएस जातिगत जनगणना नहीं कराना चाहते। वे दलितों, पिछड़ों और आदिवासियों को उनका हक नहीं देना चाहते। लेकिन लिखकर रख लीजिए- जातिगत जनगणना होगी और कांग्रेस ये कराएगी।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने सोमवार को कहा कि उसे विशेष समुदायों या जातियों के आंकड़े एकत्र करने पर कोई आपत्ति नहीं है, बशर्ते इस जानकारी का उपयोग उनके कल्याण के लिए हो, ना कि चुनावी लाभ के लिए राजनीतिक औजार के रूप में इसका इस्तेमाल किया जाए। जिले में आयोजित तीन दिवसीय समन्वय बैठक के बाद यहां मीडिया को संबोधित करते हुए आरएसएस के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनील आंबेकर ने कहा कि जाति और जाति-संबंध हिंदू समाज के लिए एक ‘बहुत संवेदनशील मुद्दा’ है और यह ‘हमारी राष्ट्रीय एकता और अखंडता’ के लिए भी अहम है।