By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Sep 24, 2022
लखनऊ। समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष व उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने एक व्यक्ति के आरोप के हवाले से कहा है कि अयोध्या जिले में जमीन पर अवैध कब्जा करने की नीयत से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का मंदिर बनाया गया है और अब मुख्यमंत्री जी बताएं कि ऐसे भूमाफिया पर वो कार्रवाई करेंगे या दिल्ली से विशेष दस्ता आएगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का अयोध्या में राम जन्मभूमि से करीब 25 किलोमीटर दूर भरतकुंड क्षेत्र में फैजाबाद-प्रयागराज राजमार्ग पर एक मंदिर बनाया गया है, जहां उनकी नियमित पूजा-अर्चना होती है।
सपा ने अपने ट्वीट के साथ एक अखबार की खबर साझा की है जिसमें एक व्यक्ति ने आरोप लगाया है उसका भतीजा ग्राम समाज की बंजर भूमि पर मंदिर बनवा दिया है और उसके हिस्से की भी जमीन पर कब्जा करने की नीयत से शनिदेव की मूर्ति लगवा दी है। इसी खबर में भतीजे ने चाचा के आरोपों को खारिज किया है और दावा किया है कि उसने अपनी जमीन पर मंदिर निर्माण कराया है। गौरतलब है कि अयोध्या में योगी आदित्यनाथ का मंदिर बनाया गया है, जहां नियमित रूप से सुबह और शाम दोनों समय विशेष पूजा-अर्चना की जाती है और पूजा के बाद भक्तों के बीच प्रसाद बांटा जा रहा है। यह मंदिर राम जन्मभूमि से करीब 25 किलोमीटर दूर जिले के भरतकुंड क्षेत्र में फैजाबाद-प्रयागराज राजमार्ग पर बनाया गया है। माना जाता है कि भरतकुंड वह स्थान है जहां भगवान राम के भाई भरत ने उन्हें वनवास जाते समय विदाई दी थी।
मंदिर का निर्माण करने वाले स्थानीय निवासी प्रभाकर मौर्य ने बीते दिनों कहा था, कि वह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यों से बहुत प्रभावित हैं। उन्होंने कहा, ‘‘मुख्यमंत्री ने जिस तरह से जनकल्याण के काम किए हैं, उन्हें देवता जैसा स्थान मिल गया है। इसलिए मुझे मुख्यमंत्री का मंदिर बनाने का विचार सूझा।’’ इस मंदिर में धनुष और बाण से सुसज्जित योगी आदित्यनाथ की आदमकद प्रतिमा स्थापित की गई है और इस प्रतिमा को भगवा रंग में रंगा गया है। प्रभाकर मौर्य ने कहा कि वह भगवान श्री राम की तरह प्रतिदिन योगी की प्रतिमा के सामने भजन पाठ करते रहते हैं।