Famous Shiva Temple: Bengaluru में भगवान शिव का अद्भुत Miracle, 400 साल से नंदी के मुख से हो रहा निरंतर जलाभिषेक

By अनन्या मिश्रा | Mar 12, 2026

देशभर में भगवान शिव के कई फेमस और प्राचीन मंदिर हैं। हर रोज हजारों की संख्या में भक्त इन मंदिरों में दर्शन और जलाभिषेक के लिए जाते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि भारत में एक ऐसा रहस्यमयी शिव मंदिर है, जहां पर शिवलिंग पर नंदी के मुख से निरंतर जलधारा बहती रहती है। यह जलधारा बिना किसी ज्ञात स्त्रोत के बहती रहती है।

इसे भी पढ़ें: Bangladesh Shakti Peeths: India ही नहीं, Bangladesh में भी हैं आस्था के 7 Divine Center, जानें इन शक्तिपीठों का पूरा रहस्य

काडू मल्लेशवर मंदिर

काडू मल्लेशवर मंदिर, दक्षिण भारत का रहस्यमयी शिवधाम है। यह मंदिर करीब 400 वर्ष पुराना माना जाता है। माना जाता है कि मंदिर में स्थापित शिवलिंग 12 ज्योतिर्लिंगों में शामिल मल्लिकार्जुन ज्योतिर्लिंग का स्वरूप है। इस मंदिर का निर्माण मराठा राजा शिवाजी के भाई वेंकोजी ने 17वीं शताब्दी में कराया था। मराठा और द्रविड़ शैली का यह अद्भुत संगम है।

दक्षिणामुख नंदी तीर्थ

काडु मल्लेश्वर मंदिर के पास श्री दक्षिणामुख नंदी तीर्थ कल्याणी क्षेत्र स्थित है। मान्यता है कि जब तक नंदी तीर्थ के दर्शन न किए जाएं, तब तक काडु मल्लेश्वर मंदिर की पूजा अधूरी मानी जाती है।

जलधारा का रहस्य

इस क्षेत्र में नंदी महाराज की प्राचीर पत्थर की प्रतिमा स्थापित है। नंदी के मुख से लगातार साफ और ठंडा पानी निकला करता है।

यह जलधारा सीधे शिवलिंग पर गिरती है और स्वत: जलाभिषेक करती है।

हैरानी की बात है कि यहां से निकलने वाले पानी का स्त्रोत आज भी अज्ञात है।

वैज्ञानिक और शोधकर्ता इस जलधारा के उद्गम के निकलने का पता लगाने का प्रयास कर चुके हैं। लेकिन अभी तक इसका कोई ठोस निष्कर्ष सामने नहीं आया है।

भक्त मानते हैं चमत्कार

इस रहस्य को विज्ञान भी समझ पाने में असमर्थ रहा है। वहीं भक्त इसको भगवान शिव की दिव्य कृपा और चमत्कार मानते हैं। धार्मिक मान्यता है कि यहां पर सच्चे मन से मांगी गई हर मनोकामना पूरी होती है।

महाशिवरात्रि पर होता है विशेष आयोजन

महाशिवरात्रि के मौके पर काडु मल्लेश्वर मंदिर और नंदी तीर्थ क्षेत्र में विशेष धार्मिक आयोजन किए जाते हैं।

इस दौरान विशेष रुद्राभिषेक और महापूजा होती है।

मंदिर को फूलों से सजाया जाता है।

इस दिन भगवान शिव की रथ यात्रा निकलती है।

वहीं यहां पर लगने वाला 15 दिन का फेमस मूंगफली मेला, जो दूर-दूर से भक्तों को अपनी ओर आकर्षित करता है।

इस दौरान हजारों-लाखों की संख्या में भक्त यहां पर दर्शन के लिए आते हैं।

ऐसे पहुंचे

अगर आप हवाई मार्ग से आते हैं, तो बेंगलुरु का केंपेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा सबसे निकट है।

वहीं रेल मार्ग से आने पर बेंगलुरु सिटी रेलवे स्टेशन नजदीकी रेलवे स्टेशन है।

वहीं सड़क मार्ग से आते हैं, तो शहर के सभी प्रमुख हिस्सों में मेट्रो और बस की सुविधा है।

रुकने की सुविधा

बता दें कि मल्लेश्वरम और आसपास के क्षेत्रों में धर्मशालाएं, होटल और मिड-रेंज होटल आसानी से मिल जाएंगे।

प्रमुख खबरें

Gurbaz का तूफानी शतक गया बेकार, Shubman Gill और युवा गेंदबाजों ने Afghanistan को चटाई धूल।

India-Pakistan मैच से पहले Handshake विवाद पर बोलीं Harmanpreet Kaur, फोकस सिर्फ क्रिकेट पर

अमेरिकी AI बैन का भारत में असर, देसी Sarvam AI पर HCL Tech लगा सकती है बड़ा दांव।

Auto Sector में बड़ा ऐलान! अब 100% Ethanol पर चलेंगी गाड़ियां, Nitin Gadkari ने फाइल पर किए Sign