By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 11, 2026
मध्यप्रदेश के कई जिलों में सोमवार को भारी बारिश के कारण नदियां उफान पर आ गईं और जलभराव वाले इलाकों से राज्य आपदा आपातकालीन प्रतिक्रिया बल (एसडीईआरएफ) तथा होमगार्ड के जवानों ने 98 लोगों को सुरक्षित निकाला। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। वहीं, राजगढ़ जिले में एक नाले को पार करते समय 11 यात्रियों से भरी एक वैन के तेज बहाव में बह जाने से एक लड़की समेत नौ लोगों की मौत हो गई।
होमगार्ड, नागरिक सुरक्षा एवं आपदा प्रबंधन की महानिदेशक प्रज्ञा ऋचा श्रीवास्तव ने बताया कि सोमवार को कई जिलों से जलभराव और बाढ़ में लोगों के फंसे होने की सूचनाएं मिलीं। उन्होंने बताया कि क्षेत्रीय दलों ने तत्काल बचाव अभियान चलाकर विभिन्न स्थानों से 98 लोगों, सात मवेशियों और चार पालतू जानवरों को सुरक्षित निकाला। श्रीवास्तव ने बताया कि सीहोर जिले के जमनी गांव में नाले का जलस्तर अचानक बढ़ने से गंभीर स्थिति पैदा हो गई।
वहां 23 वर्षीय गर्भवती महिला गीता राजपूत और परिवार के तीन अन्य सदस्य घर में फंस गए थे। उन्होंने बताया कि एसडीईआरएफ और होमगार्ड की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और रबर की नाव की मदद से गर्भवती महिला तथा परिवार के तीन सदस्यों को सुरक्षित निकालकर एम्बुलेंस तक पहुंचाया। सीहोर के अहमदपुर थाना क्षेत्र में बाढ़ के पानी में फंसे चार लोगों को भी एसडीईआरएफ की टीम ने सुरक्षित बाहर निकाला।
भोपाल के सुखी सेवनिया थाना क्षेत्र के अंतर्गत बालमपुर गांव में बांध की दीवार टूटने से बाढ़ का पानी तेजी से रिहायशी इलाके में घुस गया। एसडीईआरएफ की टीम ने मौके पर पहुंचकर बढ़ते पानी में फंसे 19 लोगों और चार पालतू जानवरों को सुरक्षित निकाला। इसी क्षेत्र में बाढ़ के पानी से भरे नाले में फंसे चार लोगों को त्वरित प्रतिक्रिया दल ने बचाकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया।
विदिशा जिले के करारिया थाना क्षेत्र के बामनखेड़ा गांव में बाढ़ में फंसे 15 मजदूरों को एसडीईआरएफ और होमगार्ड की संयुक्त टीम ने सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। इन मजदूरों में दो महिलाएं और छह बच्चे शामिल थे। विदिशा के ही पथरिया गांव में बाढ़ के पानी में फंसे चार लोगों और सात मवेशियों को भी बचाकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया।
इस बीच, ओंकारेश्वर के अभयपुरी घाट पर नदी में स्नान करते समय तेज बहाव में तीन श्रद्धालु बहने लगे। एसडीईआरएफ के जवान तेजपाल और बल बहादुर ने लाइफ जैकेट पहनकर नदी में छलांग लगाई और तीनों श्रद्धालुओं को सुरक्षित बचा लिया। राजगढ़ जिले के खिलचीपुर थाना क्षेत्र के बड़ाहेरी गांव में बाढ़ के कारण मंदिर की छत पर शरण लिए 15 लोगों को एसडीईआरएफ और होमगार्ड की टीम ने सुरक्षित निकाला।
इसी तरह, आगर मालवा जिले के सोयत थाना क्षेत्र में व्यापक जलभराव की सूचना मिलने पर एसडीईआरएफ, होमगार्ड और आपदा राहत दल ने मौके पर पहुंचकर करीब 30 से 40 लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। क्षेत्र में राहत एवं बचाव कार्य जारी है।