By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Apr 08, 2022
ठाणे। महाराष्ट्र के ठाणे जिले की एक अदालत ने नवी मुंबई के 32 वर्षीय उस व्यक्ति की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी है, जिसने समलैंगिक होने की बात अपनी पत्नी से छुपाकर उसे कथित रूप से धोखा दिया। व्यक्ति पर यह भी आरोप है कि उसने अपने एक समलैंगिक साथी पर अपने और अपनी पत्नी के साथ हनीमून पर जाने के लिए दबाव बनाया। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश आर एस गुप्ता ने मंगलवार को जमानत याचिका खारिज कर दी और आदेश की प्रति शुक्रवार को उपलब्ध कराई गई। आरोपी और शिकायतकर्ता (30) एक सोशल मीडिया मंच के जरिए एक दूसरे से मिले थे और दोनों का नंवबर 2021 में विवाह हुआ था।
जांच अधिकारी ने कहा कि आरोपी और उसके अन्य पुरुष साथियों के बीच फोन पर हुई बातचीत (चैट) स्पष्ट रूप से इंगित करती है कि वह समान लिंग के लोगों के साथ यौन संबंध में रुचि रखता है। बचाव पक्ष के वकील ने अभियोजन पक्ष का विरोध करते हुए कहा कि इन आरोपों का उद्देश्य उसे बदनाम एवं परेशान करना है तथा उसने राहत की मांग की। न्यायाधीश ने आरोपी की अग्रिम जमानत याचिका खारिज करते हुए कहा, ‘‘प्रथम दृष्टया यह लगता है कि आरोपी का धोखा देने का इरादा था, उसने शिकायतकर्ता के माता-पिता को वित्तीय नुकसान पहुंचाकर और शिकायतकर्ता के जीवन को अपूरणीय क्षति पहुंचाकर गलत कार्य किया और धोखाधड़ी की।