By अभिनय आकाश | Jun 15, 2026
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के यह घोषणा करने के कुछ ही समय बाद कि तेहरान के साथ समझौता अब पूरा हो गया है, ईरान और अमेरिका के अधिकारियों ने दोनों देशों के बीच समझौता ज्ञापन (MoU) के मसौदे में चर्चा की जा रही शर्तों के बारे में अलग-अलग बातें कहीं। इसमें ईरान की फ्रीज की गई संपत्ति को जारी करने का प्रस्ताव विवाद का मुख्य मुद्दा बनकर उभरा। ईरान के एक वरिष्ठ अधिकारी ने अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया कि अंतिम मसौदे में कई मुद्दों को शामिल किया गया था, जिनमें तेहरान का परमाणु कार्यक्रम, होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलना और तेल प्रतिबंधों पर अमेरिकी छूट शामिल हैं। साथ ही, दोनों पक्षों के समझौता ज्ञापन पर सहमत होने के बाद 60 दिनों के भीतर अंतिम समझौते पर चर्चा की जाएगी। ईरान के पक्ष के अनुसार, इस ड्राफ़्ट में फ़्रीज़ किए गए फंड को जारी करने की बात भी शामिल थी, जबकि अमेरिका के एक वरिष्ठ अधिकारी ने उन रिपोर्टों को खारिज कर दिया जिनमें कहा गया था कि वॉशिंगटन पैसे का कुछ हिस्सा पहले ही जारी करने पर सहमत हो गया है। ये अलग-अलग बातें तब सामने आईं जब ईरानी मीडिया और अमेरिका में मौजूद पत्रकारों ने प्रस्तावित डील से जुड़ी अलग-अलग संख्याएं और शर्तें बताईं।
इसी बीच, Axios के पत्रकार बराक राविड ने एक सीनियर अमेरिकी अधिकारी और व्हाइट हाउस के अन्य सूत्रों का हवाला देते हुए ईरान की मीडिया की उन खबरों को खारिज कर दिया जिनमें कहा गया था कि वॉशिंगटन ईरान की फ्रीज की गई संपत्ति को जारी करेगा। राविड ने अपने सूत्रों का हवाला देते हुए एक्स पर पोस्ट किया कि यह बिल्कुल सच नहीं है। यह 'काम के बदले भुगतान' (pay-for-performance) वाली डील है और ईरानियों के अपने वादे पूरे किए बिना कोई भी फ्रीज किया गया फंड जारी नहीं किया जाएगा।" राविड के अनुसार, बातचीत का 60 दिन का दौर शुरू होने से पहले ईरान बिना किसी शर्त के अपने फ्रीज किए गए फंड से पैसा नहीं निकाल पाएगा। इससे पहले, मेहर (Mehr) ने खबर दी थी कि बातचीत का आखिरी चरण शुरू होने से पहले अमेरिका ईरान की 12 अरब डॉलर की फ्रीज की गई संपत्ति जारी करेगा। ईरानी समाचार एजेंसी ने यह भी कहा कि अमेरिका और उसके सहयोगियों को ईरान के लिए कम से कम 300 अरब डॉलर की लागत वाली पुनर्निर्माण योजनाएं पेश करनी होंगी।