By अभिनय आकाश | Jul 28, 2026
रांची में झारखंड पुलिस के सामने 16 माओवादियों ने सरेंडर किया। इनमें से छह पर कुल मिलाकर 39 लाख रुपये का इनाम घोषित था। सरेंडर करने वालों में प्रतिबंधित CPI (माओवादी) की रीजनल कमिटी का सदस्य संतोष महतो (उर्फ़ वासुदेव दा उर्फ़ दिलीप) भी शामिल था। उस पर 128 मामले दर्ज थे और उस पर 15 लाख रुपये का इनाम था। अधिकारी ने बताया कि सरेंडर करने वालों में पांच महिलाएं भी शामिल थीं। इस ग्रुप में एक रीजनल कमिटी मेंबर, एक ज़ोनल कमिटी मेंबर, दो सब-ज़ोनल कमिटी मेंबर और दो एरिया कमिटी के पदाधिकारी भी शामिल थे। झारखंड के DGP तदाशा मिश्रा ने इस सरेंडर को राज्य पुलिस के लिए एक और बड़ी कामयाबी बताया। अधिकारी ने कहा कि 16 माओवादियों में से छह पर कुल 39 लाख रुपये का इनाम घोषित था। इस ग्रुप में पांच महिला सदस्य भी शामिल थीं। इनमें एक रीजनल कमिटी मेंबर और एक ज़ोनल कमिटी मेंबर भी हैं।
पुलिस ने बताया कि माओवादियों ने छह INSAS राइफलें और दो AK-47 राइफलें, साथ ही 38 मैगज़ीन और 1,562 कारतूस सरेंडर किए। इस मौके पर मिश्रा ने कहा, "हम राज्य से उग्रवाद और अपराध को खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। झारखंड पुलिस राज्य को साफ़-सुथरा बनाने के अपने वादे को पूरा करने की दिशा में काम कर रही है। पुलिस ने बताया कि पूरे झारखंड में माओवाद-विरोधी अभियान के तहत, 2026 में 93 माओवादियों को गिरफ़्तार किया गया है, 45 ने सरेंडर किया है और सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में 22 माओवादी मारे गए हैं।