By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jan 24, 2023
कोलकाता। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के प्रमुख मोहन भागवत ने सोमवार को कहा कि उनके दक्षिणपंथी संगठन और नेताजी सुभाष चंद्र बोस का समान लक्ष्य भारत को एक महान राष्ट्र बनाना है। आरएसएस और स्वतंत्रता सेनानी की विचारधारा समान नहीं होने को लेकर जारी बहस के बीच भागवत ने यह बयान दिया। भारत के स्वतंत्रता संघर्ष में नेताजी के योगदान की सराहना करते हुए भागवत ने सभी से बोस के गुणों व शिक्षाओं को आत्मसात करने और देश को ‘‘विश्व गुरु’’ बनाने की दिशा में काम करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, ‘‘हम नेताजी को केवल इसलिए याद नहीं करते क्योंकि हम स्वतंत्रता संघर्ष में उनके बहुमूल्य योगदान के लिए उनके आभारी हैं, बल्कि इसलिए भी कि उनके गुणों को आत्मसात करें कि उनका भारत को महान बनाने का सपना अभी पूरा नहीं हुआ है।
उन्होंने कहा कि नेताजी ने कहा था कि भारत को दुनिया के लिए काम करना चाहिए और ‘‘हमें यही लक्ष्य हासिल करने के लिए काम करना है।’’ भागवत ने दावा किया कि देश ने बोस और उनके बलिदानों के साथ न्याय नहीं किया। उन्होंने कहा कि नेताजी ने देश की स्वतंत्रता के लिए अपने द्वारा चुने गये मार्ग को लेकर आलोचना का सामना किया, लेकिन यह उन्हें उनके पथ से नहीं डिगा सका। उन्होंने कहा कि नेताजी की तरह आरएसएस भी राष्ट्र निर्माण के विचार को बढ़ावा देता है।