By अंकित सिंह | Oct 30, 2026
कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह पर तीखा हमला बोला और उन पर लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं को नष्ट करने का आरोप लगाया। पत्रकारों से बात करते हुए, खड़गे ने सरकार को चुनौती दी कि अगर उनमें हिम्मत है, तो वे संसद भंग कर दें और बैलेट पेपर का इस्तेमाल करके चुनाव करवाएं। उन्होंने कहा कि जनता मौजूदा सरकार से नाखुश है और न्याय चाहती है। उन्होंने जोर देकर कहा कि राष्ट्रीय चर्चाओं का केंद्र महंगाई, बेरोजगारी और युवाओं से जुड़े मुद्दे होने चाहिए, न कि छोटी-मोटी आलोचनाएं।
पार्टी का दावा है कि इससे विशेष रूप से अल्पसंख्यक तथा आर्थिक एवं सामाजिक रूप से कमजोर वर्ग प्रभावित हुए हैं। खरगे ने बेंगलुरु में संवाददाताओं से कहा कि वोट चोरी और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन जारी रहेंगे। कुमार ने निर्वाचन आयोग में गड़बड़ी की है। सभी दल इस विरोध प्रदर्शन का समर्थन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस चुनावी धांधली के बारे में जागरूकता फैलाने का अपना अभियान जारी रखेगी, जिसके तहत शुक्रवार को एक प्रतीकात्मक संसद सत्र आयोजित किया जाएगा और एक नवंबर को रैली निकाली जाएगी। यह पूछे जाने पर कि क्या कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) रैली में हिस्सा लेगी, खरगे ने नकारात्मक जवाब दिया। उन्होंने कहा, ‘‘हम लड़ेंगे, क्योंकि लोकतंत्र में जब तक आप लड़ेंगे नहीं, तब तक लोग जागरूक नहीं होंगे।
कर्नाटक विधान परिषद चुनाव के नतीजों के बारे में पूछे जाने पर खरगे ने कहा कि उनकी पार्टी भविष्य के सभी चुनाव मतपत्रों के जरिए कराने की मांग जारी रखेगी। इन चुनावों में मतपत्रों के इस्तेमाल के बावजूद भाजपा और जनता दल (सेक्युलर) ने सभी चार सीटें जीत लीं। कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि इसका मतलब यह नहीं है कि हम अपनी मांग छोड़ दें, क्योंकि वे (भाजपा) विधान परिषद चुनाव जीत गये हैं। एक समय ऐसा भी था, जब उसने (भाजपा ने) लोकसभा की केवल दो सीटें जीती थीं, (तब चुनाव मतपत्रों के जरिए होते थे)।