By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Jul 31, 2026
जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने शुक्रवार को कहा कि 21वीं सदी में उन युवाओं का बोलबाला रहेगा जो विभिन्न विषयों के ज्ञान को एकीकृत कर सकते हैं और जटिल चुनौतियों के नए एवं नवोन्मेषी समाधान खोज सकते हैं। उन्होंने यह बात ‘क्लस्टर विश्वविद्यालय’ जम्मू में शैक्षणिक कार्यक्रमों की एक श्रृंखला का उद्घाटन करते हुए की। सिन्हा ने कहा कि आज की दुनिया किसी एक विषय तक सीमित विशेषज्ञों के बजाय बहुविषयक विचारकों की मांग करती है।
जलवायु परिवर्तन का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को समझने के लिए रसायन विज्ञान, भौतिकी, गणित और भूगोल सहित कई विषयों के योगदान की आवश्यकता है। विश्वविद्यालय ने सनातन धर्म और भारतीय ज्ञान प्रणाली में एक वर्षीय स्नातकोत्तर डिप्लोमा भी शुरू किया है और वैदिक अध्ययन विभाग की स्थापना की है। सिन्हा ने कहा कि शिक्षा को वैज्ञानिक प्रगति के साथ-साथ भारत की बौद्धिक विरासत के मूल्यों और ज्ञान के बीच संतुलन बनाना चाहिए।
उपराज्यपाल ने आईआईटी मद्रास के सहयोग से सेमीकंडक्टर कौशल विकास कार्यक्रम का भी उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि यह भारत की प्रौद्योगिकी आकांक्षाओं के अनुरूप छात्रों को अत्याधुनिक विशेषज्ञता से लैस करेगा।