By अनन्या मिश्रा | Feb 06, 2026
साल के दूसरे महीने यानी की फरवरी महीने की शुरूआत हो चुकी है। हिंदू धर्म में फरवरी को बेहत अहम माना गया है। क्योंकि इस महीने में कई व्रत और त्योहार मनाए जाते हैं। फरवरी में महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जाएगा। इस दिन भगवान भोलेनाथ और मां पार्वती की पूजा-अर्चना का विधान है। इसी महीने से होलाष्टक की भी शुरूआत होगी। होलाष्टक के दौरान शुभ और मांगलिक काम नहीं किए जाते हैं। ऐसे में आज इस आर्टिकल के जरिए हम आपको फरवरी महीने में पड़ने वाले व्रत और त्योहारों के बारे में बताने जा रहे हैं।
01 फरवरी 2026 को माघ पूर्णिमा मनाई जाएगी। माघ पूर्णिमा पर जगत के पालनहार भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की पूजा का विधान है। इसी दिन रविदास जयंती और ललिता जयंती भी है।
वहीं 02 फरवरी 2026 को फाल्गुन माह की शुरूआत होगी। हिंदू धर्म में इस महीने का विशेष महत्व होता है।
फिर 05 फरवरी 2026 को फाल्गुन माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी को द्विजप्रिय संकष्टी मनाई जाएगी। इस दिन भगवान गणेश की पूजा-अर्चना का विधान है। इस दिन भगवान गणेश के द्विजप्रिय रूप की पूजा की जाती है।
वहीं 07 फरवरी 2026 को यशोदा जयंती मनाई जाएगी।
08 फरवरी 2026 को भानु सप्तमी और शबरी जयंती मनाई जाएगी।
वहीं 09 फरवरी को कालाष्टमी, जानकी जयंती और मासिक कृष्ण जन्माष्टमी मनाई जाएगी।
वहीं 13 फरवरी 2026 को कुंभ संक्रांति, कृष्ण भीष्म द्वादशी और विजया एकादशी का व्रत किया जाएगा।
वहीं 14 फरवरी को शनि त्रयोदशी और शनि प्रदोष व्रत किया जाएगा। वहीं इसी दिन विजया एकादशी व्रत का पारण भी किया जाएगा।
वहीं 15 फरवरी 2026 को महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जाएगा। इस दिन भगवान शिव और मां पार्वती की पूजा-अर्चना की जाएगी।
इसके साथ ही 17 फरवरी 2026 को फाल्गुन अमावस्या है। बता दें कि इस दिन सूर्य ग्रहण भी लगेगा, लेकिन यह ग्रहण भारत में नहीं दिखाई देगी।
वहीं 19 फरवरी 2026 को फुलेरा दूज का पर्व मनाया जाएगा।
फिर 21 फरवरी 2026 को ढुण्ढिराज चतुर्थी का पर्व मनाया जाएगा।
फिर 22 फरवरी 2026 को स्कन्द षष्ठी मनाई जाएगी।
वहीं 23 फरवरी 2026 को मासिक कार्तिगाई मनाई जाती है।
वहीं 24 फरवरी 2026 को होलाष्टक की शुरूआत होगी और इस दिन मासिक दुर्गाष्टमी भी मनाई जाएगी।
25 फरवरी 2026 को रोहिणी व्रत रखा जाएगा।
वहीं 27 फरवरी 2026 को आमलकी एकादशी का व्रत किया जाएगा।
बता दें कि वैदिक पंचांग के अनुसार, 17 फरवरी 2026 को फाल्गुन अमावस्या मनाई जाएगी। इस तिथि की शुरूआत 16 फरवरी 2026 को 05:34 मिनट पर होगी। वहीं इस तिथि की समाप्ति अगले दिन यानी की 17 फरवरी की शाम 05:30 मिनट पर होगी। इस दिन ब्रह्म मुहू्र्त का समय 05:16 मिनट से 06:07 मिनट तक रहेगा। अमृत काल सुबह 10:39 मिनट से दोपहर 12:17 मिनट तक है। वहीं विजय मुहूर्त दोपहर 02:28 मिनट से लेकर 03:13 मिनट तक है।