By नीरज कुमार दुबे | Jun 26, 2026
जम्मू-कश्मीर में विपक्षी पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) ने उमर अब्दुल्ला सरकार पर बहुत बड़ा आरोप लगाया है। पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि उमर अब्दुल्ला की नेशनल कॉन्फ्रेंस (नेकां) सरकार ने केंद्र शासित प्रदेश में पिछले दरवाजे से 25,000 लोगों की भर्ती की है। महबूबा ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘नेकां सरकार के 25 महीनों के कार्यकाल में लगभग 25,000 लोगों की भर्ती पिछले दरवाजे से की गई। मेरे पास इनके आदेश हैं लेकिन मैं उनकी पहचान उजागर नहीं करना चाहती, ताकि उनकी सुरक्षा बनी रहे।'' उन्होंने कहा, “ये सामान्य पद नहीं थे बल्कि जम्मू-कश्मीर के विभिन्न सरकारी विभागों में खाली पड़े पद थे, जिन्हें सरकार ने अपने मंत्रियों, विधायकों और गठबंधन सहयोगियों को दे दिया। मुझे लगता है कि इसमें भाजपा की भी हिस्सेदारी है, इसलिए वे चुप हैं और इस मुद्दे पर कोई हो-हल्ला नहीं कर रहे हैं।”
घाटी में कश्मीरी पंडितों की वापसी के बारे में पीडीपी अध्यक्ष ने कहा कि उनकी कुछ ‘लॉबी’ अपने एजेंडे को आगे बढ़ाने के लिए समुदाय की पीड़ा को ‘हथियार’ के तौर पर इस्तेमाल करने की कोशिश कर रही हैं। महबूबा ने कहा, ‘‘साथ ही, उन्हें (कश्मीरी पंडितों को) अतीत के बारे में सोचना बंद कर भविष्य की ओर देखना चाहिए। जम्मू-कश्मीर में मारे गए लोगों में से लगभग 99 प्रतिशत मुसलमान हैं। केवल एक प्रतिशत हमारे पंडित भाई थे, जिनकी आबादी बहुत कम है।''