मोदी से मेलोनी तक, जिस वक्त हिंसा की आग में जल रहे इटली के 10 शहर, भारत में I Love Muhammad के नाम पर मचा है बवाल

By अभिनय आकाश | Sep 24, 2025

एक धार्मिक जुलूस, पुलिस के साथ हाथापाई और बुलडोजर से गिराई गई कुछ इमारतें। पिछले कुछ सालों में इसी ऑर्डर के साथ हुई कुछ घटनाओं की बात कई बार सुन चुके होंगे। ये खबरें इतनी नॉर्मल हो चुकी हैं कि सोशल मीडिया पर इसे सेलिब्रेट और इसकी आलोचना करने वाले लोगों की तादाद काफी ज्यादा है। भारत के कई राज्यों से प्रदर्शन की तस्वीरें सामने आ रही हैं। बड़े बड़े जुलूस निकाले जा रहे हैं और आई लव मोहम्मद के बैनर रखे हैं। सोशल मीडिया पर ट्रेंड भी चल रहा है। लेकिन सवाल ये उठ रहा हैकि जुलूस निकाले जा रहे हैं, लेकिन बवाल क्यों मचाया जा रहा है। वैसे भी ये सारा बवाल ऐसे वक्त में हो रहा है, जब इटली में भी 10 शहरों में हिंसा हो रही है। यानी एक तरफ जॉर्जिया मेलोनी के इटली को भी जलाने की साजिश हो रही है। दूसरी तरफ भारत के कई शहरों को भी निशाने पर लिया जा रहा है। चाहे वो बनारस, उत्तराखंड हो या फिर कहीं और अलग अलग जगह से जो तस्वीरें सामने आ रही हैं। हिजाब पहनकर लड़की आई लव मोहम्मद का बैनर लिए नजर आ रही है। 

इसे भी पढ़ें: कुछ इस अंदाज में मेलोनी ने दी मोदी को जन्मदिन की बधाई, लिखा सेल्फी वाला मैसेज

इटली के 10 शहरों में हिंसा

इटली में हजारों लोग हिंसक विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी की सरकार ने फिलिस्तीन को आजाद देश की मान्यता देने से इनकार कर दिया है। जिसके बाद रोम, मिलान, बोलोग्ना, फ्लोरेंस, नेपल्स और पलेर्मो जैसे शहरों में हज़ारों लोग सड़कों पर उतर आए। जेनोआ और लिवोर्नो में बंदरगाहों को अवरुद्ध कर दिया, जबकि बोलोग्ना में प्रदर्शनकारियों ने पानी की बौछारों से तितर-बितर होने से पहले एक मोटरवे को कुछ देर के लिए बंद कर दिया। सबसे बड़ी भीड़ मिलान और राजधानी रोम में दिखाई दी। रोम में भी हजारों लोगों ने इकट्ठा होकर फ्री फिलिस्तीन के नारे लगाए। उन्होंने यहां अमेरिकी झंडा भी जलाया। 

इसे भी पढ़ें: प्रधानमंत्री मोदी ने इटली की पीएम मेलोनी से की बात, भारत-यूरोपीय संघ व्यापार समझौते का समर्थन करने के लिए दिया धन्यवाद

प्रदर्शन पर मेलोनी ने जानें क्या कहा

इटली के प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी ने  इटली भर में हुए फ़िलिस्तीनी समर्थक प्रदर्शनों के दौरान हुई हिंसक घटनाओं की निंदा करते हुए कहा कि कुछ प्रदर्शनकारियों की हरकतों का एकजुटता से कोई लेना-देना नहीं है। मेलोनी ने एक्स पर अपने पोस्ट में कहा कि मेलोनी ने मिलान के केंद्रीय रेलवे स्टेशन पर हुई झड़पों पर नाराज़गी जताई, जहाँ प्रदर्शनकारियों ने कथित तौर पर चीज़ें फेंकी और खिड़कियाँ तोड़ दीं, जिसके बाद पुलिस को आँसू गैस का इस्तेमाल करना पड़ा। मिलान से अपमानजनक तस्वीरें आ रही हैं। रेलवे स्टेशन पर उत्पात मचाते हैं और क़ानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ झड़पें भड़काते हैं। मेलोनी ने आगे कहा कि हिंसा और विनाश का एकजुटता से कोई लेना-देना नहीं है और इससे गाजा में लोगों के जीवन में कोई बदलाव नहीं आएगा।

आई लव मुहम्मद नारे पर भारत में क्यों मचा बवाल

आई लव मोहम्मद इस्लाम के पैंगबर से अपने प्यार का इजहार करते ये तीन शब्द पिछले कुछ दिनों से विवादित बन गए हैं। कहीं ये शब्दे हिंसा से जुड़ गए तो कहीं एफआईआर और गिरफ्तारियों से। कानपुर से शुरू हुआ ये ट्रेंड अब देशभर में पहुंच गया है और जब ये ट्रेंड उत्तराखंड के काशीपुर में पहुंचा तो पुलिस के साथ हाथापई के वीडियो सामने आए। उसके बाद मुस्लिम पक्ष की गिरफ्तारियां हुई और लोगों के द्वारा कथित अवैध अतिक्रमण पर बुल़़डोजर एक्शन हुआ। शहरों में कई जगह आपने आई लव के बाद शहरों के नाम, इलाकों के नाम या राज्यों के नाम देखे ही होंगे। आई लव दिल्ली, कहीं आई लव गाजियाबाद तो कहीं आई लव मुंबई नजर आ ही जाएंगे। लेकिन जब 4 सितंबर को बारा बफात का जुलूस निकाला जाना था तब वहां इस आई लव के आगे मोहम्मद लिखा गया। 

कानपुर से उत्तराखंड और गुजरात तक फैला विवाद

हिंदू पक्ष को आपत्ति हुई और पुलिस ने बीच बचाव किया। एफआई दर्ज हुई औऱ देश के मुसलमानों के पास मैसेज गया कि एफआईआर आई लव मोहम्मद लिखने की वजह से हुई है। पुलिस इस बात से इनकार कर रही है। इसके बाद देश में लगभग हर दिन आई लव मोहम्मद के बैनर के साथ मुस्लिम पक्ष के लोग जुलूस निकाल रहे हैं। लगभग उनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज हो रही है। कानपुर, बरेली, उन्नाव, काशीपुर, मुंबई, गोधरा, लखनऊ, महाराजगंज, कौशांबी और भी कई शहरों का नाम इसमें शामिल है। काशीपुर में इन जुलूसों में हुई हिंसक झड़प ने कई सवाल भी खड़े किए हैं। हिंदू पक्ष इसे उन्माद बता रहा है। मुस्लिम पक्ष कह रहा है कि उन्हें अपने धर्म को फॉलो करने से रोका जा रहा है। 

पुलिस को धमकी का वीडियो वायरल 

महाराष्ट्र के नागपुर के मोमिनपुरा और दिघोरी इलाकों में बड़ी संख्या में लोग जमा हुए। उन्होंने मस्जिदों पर 'आई लव मुहम्मद' के पोस्टर लगाए और नारे लगाए। वहीं, बरेली में 22 सितंबर को किला थाने के इलाके से 'आई लव मुहम्मद' पोस्टर हटाने पर इत्तेहाद-ए-मिल्लत काउंसिल के लीडर नफीस का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो में नफीस किला SHO सुभाष कुमार को धमकी देते दिखे। उन्होंने कहा, 'मैंने इंस्पेक्टर को चेतावनी दी थी कि मैं उसका हाथ काट दूंगा, उसकी वर्दी उतार दूंगा।' 

फिक्सड पैटर्न के जरिए भारत के राज्यों को अशांत करने की कोशिश?

कोई कॉर्डिनेटेड शक्ति है जो सभी को कार्डिनेट कर रही है। एक फिक्सड पैटर्न है। हाथों में बैनर लेकर निकलते हैं औऱ पेट्रोलिंग पर पुलिसवाले से मारपीट होती है और आपत्तिजनक नारे लगाए जाते हैं। मोहम्मद से प्यार करने का मतलब ड्यूटी पर तैनात पुलिसवालों को पीटना कब से हो गया। हर शहर में  लगभग एक जैसा पैटर्न है। यानी कोई तो ऐसी शक्ति है इनके पीछे जो ये सब करवा रही है। मजहब की आड़ में बैकडोर प्लांटिग के जरिए जज्बाती लोगों को आगे कर दिया जाता है। ऐसा नहीं है कि ये सिर्फ भारत में हो रहा है। भारत में आई लव मोहम्मद के नाम पर हो रहा है। इटली में फिलिस्तीन के नाम पर हो रहा है। कई देशों में अलग अलग नाम पर कोई न कोई मूवमेंच चल रहा है। 

All the updates here:

प्रमुख खबरें

Air India की London Flight में टला बड़ा हादसा, DGCA बोला- गलत तरीके से छूने से बंद हो सकता था इंजन

केन्द्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने 1,237 लाभार्थियों को सहायक उपकरण किए वितरित

Skoda Kylaq का पहला Anniversary: सालभर में 50,000 गाड़ियां बिकीं, SUV मार्केट में मचाया धमाल

Jan Gan Man: Dalai Lama की आवाज की ताकत 90 की उम्र में भी बरकरार, Grammy के मंच से Tibet का संदेश सुन कर China का तिलमिलाना स्वाभाविक है