By दिव्यांशी भदौरिया | Oct 03, 2026
हेल्दी रहने के लिए बेहतरीन डाइट का होना भी काफी जरुरी है। मोरिंग जिसे आम भाषा में सहजन कहा जाता है। असल में यह एक ऐसा वृक्ष है जिसके सभी भाग उपयोग में आते हैं। इसकी फलियां, पत्तियां, फूल, बीज, तना और जड़ सभी औषधि के रुप में कारगर है।
पोषण से भरपूर सहजन की सब्जी
कुछ लोग ही सिर्फ इडली सांभर में इसका प्रयोग जानते हैं, लेकिन बंगाल, यूपी, बिहार इन राज्यों में इसकी फलियों की सब्जियां बनाई जाती है। आप चाहें तो इस सब्जी के साथ चावल या फिर रोटी कुछ भी खा सकते हैं। यदि आप इसे घर पर बनाना चाहते हैं, तो पहले इसके रेशों को अच्छी तरह से निकाल लें, वरना खाते समय यह गले में फंस जाने से परेशानी होती है। इसलिए इसमें हल्का मसाला और पानी डालकर इसे पका लें। इस बात का ध्यान रखें कि सहजन को ज्यादा उबालने से इसके पोषक तत्व नष्ट हो जाते हैं।
इम्यूनिटी बूस्टर है सहजन का पाउडर
सहजन की सब्जी ही नहीं इसका सूप और इसके फूल के पकौड़े भी काफी टेस्टी होती है और पौष्टिक से भरपूर होते हैं। यही नहीं, सहजन की छाल, जड़ और पत्तों से बना पाउडर या चूर्ण रोग प्रकिरोधक क्षमता बढ़ाने में मदद करता है। इस पाउडर में इतनी शक्ति होती है कि आपको किसी सप्लीमेंट्स की जरुरत नहीं पड़ती है। आप चाहें तो इसे किसी भी तरह के पेय पदार्थ में मिलाकर पी सकते हैं, दूध, चाय, दाल या फिर गुनगुना पानी। वहीं, आप इसका सूप भी बना सकते हैं। रोजाना खाली पेट इसके सेवन से डायबिटीज और वजन नियंत्रण में आता है। पाचन में सुधार होता है और हड्डियां मजबूत होती हैं।