भाई से शादी करने वाली अमेरिकी सांसद का नाम निकला फर्जी? ट्रंप ने भारत विरोधी एल्हान उमर पर लगाया बड़ा आरोप

By अभिनय आकाश | Oct 23, 2026

अमेरिकी मिड टर्म इलेक्शन से पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अपने रिपब्लिकन उम्मीदवारों के लिए वोट मांग रहे हैं और इस दौरान उनके निशाने पर इल्हान उमर हैं। इल्हान उमर एक सांसद हैं जिन्हें भारत में लोग पाकिस्तान समर्थक और जिहादी मानसिकता वाली भारत विरोधी सांसद मानते हैं। उनके यहां हाल ही में छापा पड़ा तो वापस से मामला गरमाया हुआ है और अब उन्हें लेकर हैरान करने वाली जानकारियां भी सामने आ रही हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस जानकारी के सामने आने पर उन्हें सुझाव दिया कि मिनिसोटा की सोमाली अमेरिकी सांसद इलहान उमर को इस्तीफा दे देना चाहिए क्योंकि उन्होंने कांग्रेस में शपथ लेने के लिए एक फर्जी नाम का इस्तेमाल किया। ट्रंप अपनी पार्टी के उम्मीदवारों का समर्थन करने के ओयोवा में थे। लेकिन उन्होंने इस मंच का इस्तेमाल दूसरे राज्यों के डेमोक्रेट्स पर निशाना साधने के लिए किया। इस मामले की जानकारी रखने वाले तीन लोगों ने यह बताया है कि 12 अक्टूबर को इलहान उमर के घर पर मारे गए छापे में अमेरिकी इमीग्रेशन दस्तावेजों से जुड़ी एक विस्तृत जांच की जा रही है और यह छापामारी उसी का हिस्सा थी। इसके बाद से ही ट्रंप उन्हें लेकर हमलावर हैं और चुनावी रैलियों से लेकर सोशल मीडिया तक उनके खिलाफ बयान दे रहे हैं और उनके भाई के साथ कथित तौर पर शादी करने के मामले को खूब उछाल रहे हैं और अब उनके हाथ उनका असली नाम भी लग गया है। जिसे लेकर वह यह कह रहे हैं कि उनका नाम भी फर्जी है तो उन्हें इस्तीफा देना चाहिए।

इसे भी पढ़ें: इधर पुतिन ने की Peace की बात, उधर यूक्रेन पर कर दी मिसाइलों की बरसात! 3 घंटे में जेलेंस्की के 32 अड्डे उड़ाए
कौन है इल्हान उमर ?


40 साल की इल्हान सोमालियाई अमेरिकी राजनेता हैं जो साल 2019 से मिनिसोटा में चुनाव जीतकर हाउस ऑफ रिप्रजेंटेटिव में आई थी। वो अमेरिकी संसद यानी कांग्रेस में पहुंचने वाली पहली दो मुस्लिम महिला सांसदों में से एक हैं। अमेरिकी संसद में पहुंचने वाली वो पहली सोमालियाई अमेरिकी नागरिक भी हैं। मूल रूप से वो अफ्रीका की नागरिक रही हैं। उमर ने एसोसिएटिव प्रेस से बात करते हुए कहा था, वह सोमालिया के नागरिक युद्ध से भागे शरणार्थी के रूप में 1995 में 12 साल की उम्र में अमेरिका पहुंची थीं। वह पांच साल बाद 17 साल की उम्र में अमेरिकी नागरिक बनीं। हिजाब पहनकर शपथ लेने वाली वो पहली अमेरिकी मुस्लिम सांसद बनीं।

प्रमुख खबरें

Starlink को भारत में न मिले ब्रॉडबैंड लाइसेंस, Swadeshi Jagran Manch ने की केंद्र से मांग

Delhi Race Course Mosque को लेकर जबरदस्त घमासान, Waqf Board पर उठते सवालों के बीच सियासी बयानबाजी के चलते मामला गर्माया

कर्नाटक के ग्लोबल इन्वेस्टर्स मीट 2027 में शामिल होने के लिए DK Shivakumar ने Poland को भेजा न्योता

Vishwakhabram : France में Macron के खिलाफ विद्रोह जैसे हालात, पूरे यूरोप में फैल सकती है जनाक्रोश की आग!