By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 27, 2026
(फाइल फोटो के साथ) काठमांडू, 27 अगस्त नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल ने बृहस्पतिवार को कहा कि नेपाल-तिब्बत सीमा के कुछ हिस्सों में अचानक आई बाढ़ के कारण लापता हुए हजारों लोगों में लगभग 300 भारतीय पर्यटक भी शामिल हैं। बुधवार को आई अचानक बाढ़ से नेपाल के तीन जिलों में भारी तबाही मची है। नेपाल के विदेश मंत्री खनाल ने बृहस्पतिवार को कहा कि बाढ़ में लापता हुए हजारों लोगों में लगभग 300 भारतीय शामिल हैं।
बाढ़ के कारण तीन जिलों में भारी तबाही मची है। भोटेकोशी की सहायक नदी ‘ल्हेंदे’ का बहाव एक हिमस्खलन के कारण रुक गया जिससे अचानक बाढ़ आ गई। इस बाढ़ ने सबसे पहले चीन के साथ नेपाल की सीमा पर स्थित रसुवागढ़ी के पास ‘तिमुरे’ इलाके को अपनी चपेट में लिया।
बुधवार को मिली जानकारी के अनुसार लापता हुए लगभग 500 लोगों में कम से कम 133 भारतीय और 37 अनिवासी भारतीय (एनआरआई) शामिल हैं। लापता भारतीयों में से कम से कम 50 लोग कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गए तीर्थयात्री थे। बुधवार को काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास ने अचानक आई बाढ़ से प्रभावित भारतीय नागरिकों की मदद और जानकारी के लिए आपातकालीन नंबर जारी किए।
दूतावास ने ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट में बताया कि लोग +977 985 131 6807 या +977 970 910 7500 नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं। एक अन्य पोस्ट में दूतावास ने कहा कि वह नेपाल में आई बाढ़ से प्रभावित भारतीय नागरिकों के जल्द बचाव और राहत कार्यों के लिए नेपाल सरकार के संबंधित अधिकारियों के संपर्क में है। साथ ही नेपाल सरकार के साथ मिलकर राहत एवं बचाव कार्यों को और मजबूत किया जा रहा है।
नेपाल पर्यटन बोर्ड ने भी मदद के लिए कुछ नंबर जारी किए हैं, जिनमें टोल-फ्री आपातकालीन नंबर 1234, हॉटलाइन नंबर 1144 और पर्यटन पुलिस का नंबर 9851289445 शामिल हैं। बीजिंग में भारतीय दूतावास ने भी एक हेल्पलाइन नंबर 0086 185 1428 4905 जारी किया है, जिस पर ‘व्हाट्सऐप’ के माध्यम से संपर्क किया जा सकता है।