By अंकित सिंह | Apr 04, 2025
बिहार के मुख्यमंत्री और जेडीयू नेता नीतीश कुमार पर एक नए पोस्टर हमले में, राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) ने वक्फ संशोधन विधेयक पर उनके रुख की आलोचना की। पोस्टर में उनकी तुलना एक गिरगिट से भी की गई है, जिसमें दावा किया गया है कि कुमार ने सरीसृप से भी तेज़ी से अपने रंग बदले हैं, जो कुमार के राजनीतिक दलों को बदलने के पिछले कृत्यों की ओर इशारा करता है। पोस्टर में कुमार को नमाज़ अदा करते समय मुसलमानों द्वारा पहनी जाने वाली टोपी पहने हुए भी दिखाया गया है। इसमें कहा गया है कि जेडीयू ने इफ्तार की मेजबानी की आड़ में समुदाय को धोखा दिया।
इससे पहले जेडीयू अल्पसंख्यक प्रदेश सचिव शाह नवाज मलिक ने वक्फ विधेयक को लेकर पार्टी के रुख के चलते पार्टी और अन्य पदों से इस्तीफा दे दिया था। उनके त्यागपत्र में लिखा कि, "हमारे जैसे लाखों भारतीय मुसलमानों को अटूट विश्वास था कि आप विशुद्ध धर्मनिरपेक्ष विचारधारा के ध्वजवाहक हैं। लेकिन अब यह विश्वास टूट चुका है। हमारे जैसे लाखों समर्पित भारतीय मुसलमान और कार्यकर्ता वक्फ विधेयक संशोधन अधिनियम 2024 के संबंध में जेडीयू के रुख से गहरे सदमे में हैं।" एनडीए के नेतृत्व वाली केंद्र की अन्य सहयोगी पार्टियों की तरह जेडीयू ने भी संसद में विवादास्पद विधेयक का समर्थन किया। बिहार के सीएम के एक प्रमुख सहयोगी ने कहा कि वक्फ विधेयक के लिए पार्टी के समर्थन को लेकर "कोई भ्रम" नहीं है।