By अंकित सिंह | Feb 28, 2022
बिहार में शराबबंदी कानून को लेकर सख्त पाबंदिया लागू है। इन सबके बीच आज बिहार सरकार ने शराबबंदी को लेकर बड़ा फैसला लिया है। जानकारी के मुताबिक अब बिहार में शराब पीने वालों को जेल नहीं भेजा जाएगा। हालांकि उन्हें इसके बदले एक काम करना होगा। बताया जा रहा है कि शराब पीने वालों को जेल जाने से बचने के लिए सिर्फ शराब माफियाओं की जानकारी देनी होगी। अगर शराब माफिया की गिरफ्तारी हो जाती है तो शराब पीने वाला जेल जाने से बच सकता है। इसे बिहार सरकार का बड़ा फैसला माना जा रहा है। बिहार सरकार की ओर से यह जानकारी उत्पाद आयुक्त कार्तिकेय धनजी ने दी। कुल मिलाकर देखें तो बिहार में शराबबंदी कानून पूरी तरह से लागू है। बावजूद इसके वहां शराब की बिक्री देखने को मिल जाती है।
इससे पहले नवंबर में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शराबबंदी को लेकर 7 घंटे तक की मैराथन समीक्षा बैठक की थी। अपनी बैठक में नीतीश कुमार ने साफ तौर पर कह दिया था कि शराबबंदी के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। शराबबंदी कानून को और प्रभावी बनाने के लिए गांव के चौकीदार से डीजीपी तक की जवाबदेही को तय कर दिया गया था। बैठक में यह भी कहा गया था कि शराबबंदी को लेकर लापरवाही बरतने वाले थानेदारों को अगले 10 सालों तक ड्यूटी नहीं करने दी जाएगी। अगर इसमें उनकी संलिप्तता पाई जाती है तो उन्हें बर्खास्त करने तक की भी कार्रवाई की जा सकती है। इसके साथ ही यह भी कहा गया है कि सेंट्रल टीम अब राज्य भर में लगातार छापेमारी करेगी और कहीं भी अगर शराब बरामद होती है तो संबंधित थानेदार को तत्काल सस्पेंड भी कर दिया जाएगा।