साक्षात्कारः सुभासपा प्रमुख ओम प्रकाश राजभर ने कहा- इस बार भाजपा के लिए खदेड़ा होबे

By डॉ. रमेश ठाकुर | Jan 10, 2022

ओम प्रकाश राजभर बड़बोले नेताओं में गिने जाते हैं। कब क्या बोल दें, कुछ नहीं पता होता। योगी सरकार में मंत्री भी रहे, उस दरम्यान कई बार भाजपा और सरकार को असहज भी किया। अंततः उन्हें मंत्री पद से हटना पड़ा और गठबंधन भी तोड़ना पड़ा। अब वह समाजवादी पार्टी के साथ गठबंधन में हैं। लेकिन इस बार पता नहीं क्यों उनकी यूपी की राजनीति में बड़ी भूमिका मानी जा रही है। उनका गठबंधन सपा से जरूर है। पर, भाजपा उन्हें फिर अपने साथ लाना चाहती है। भाजपा के वरिष्ठ नेता दयाशंकर सिंह ने हाल ही में उनसे मुलाकात भी की है। मौजूदा चुनाव व तमाम मसलों को लेकर सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर से डॉ. रमेश ठाकुर ने विस्तृत बातचीत की। पेश हैं बातचीत के मुख्य हिस्से-

उत्तर- वापस जाने का सवाल ही नहीं उठता। भाजपा को अच्छे से जितना मैं जानता हूं, दूसरा कोई नहीं जानता। जब उन्हें जरूरत होती है, आपकी सभी बातों पर हामी भरी जाती है। जैसे ही उनका मकसद पूरा होता है, आपको पहचानने से भी इंकार कर देते हैं। मेरे साथ छल हुआ है, जो वादे मुझसे किए गए थे, एक भी पूरा नहीं किया। कितने भी डोरे डालें, मैं अपने फैसले से पीछे नहीं हटने वाला। अखिलेश यादव 10 मार्च के बाद सरकार बनाएंगे, हम उनके साथ होंगे। हमारा एक ही लक्ष्य है। यूपी से भाजपा को खदेड़ना। इस बार खदेड़ा होबे?

प्रश्नः दयाशंकर सिंह ने आपसे मुलाकात की है?

उत्तर- किसी से मिलना, मिलाना कोई अपराध थोड़ी ना है। हम सभी से मिलते हैं, सभी दलों में हमारे मित्र साथी हैं, शादी-ब्याहों में भी मिलते हैं, एक दूसरे के सुख-दुख में शामिल भी होते हैं। पर, जब राजनीति की बात आती है, सभी के रास्ते अलग हो जाते हैं। न्याय समिति की रिपोर्ट को लागू करने की मांग मैंने मंत्री रहते की थी, नहीं मानी तो मैंने मंत्री पद ठुकरा दिया। मुझे राजनीति अपने स्वार्थ के लिए नहीं करनी है, जनता की भलाई के लिए करनी है। उनके साथ मैं समझौता नहीं कर सकता।

प्रश्नः आपकी पार्टी मुख्यत: पूर्वांचल के कुछ जिले तक सीमित रही है, क्या सपा के साथ गठबंधन से विस्तार करना चाहते हैं?

उत्तर- किसी भी पार्टी का इतिहास उठाकर देख लें, एक जगह से उठकर प्रदेश या देशभर में विस्तार किया है। सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी की स्थापना सन 2002 में हुई, आप देखेंगे तभी से लोगों के जुड़ने का जो सिलसिला शुरू हुआ था, आज भी निरंतर जारी है। देखिए, जनता अब पुराने नेताओं और पुरानी पार्टियों पर ज्यादा विश्वास नहीं करती। लोग नई पार्टियों पर ज्यादा भरोसा करते हैं। उनमें सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी अव्वल है। मैं मानता हूँ कि हमारी पार्टी पूर्वांचल में सीमित आधार वाली एक क्षेत्रीय पार्टी हुआ करती थी। लेकिन आज असंख्य जनाधार है।

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प्रश्नः मौजूदा चुनाव में भाजपा को हटाने के लिए आपने प्रण लिया है?

उत्तर- सिर्फ मैंने ही नहीं, बल्कि प्रदेश की समूची जनता ने ठान लिया है इस बार भाजपा को खदेड़ना है। इस बार “झूठ और लूट'' का पर्दाफाश होगा, उत्तर प्रदेश में बदलाव होगा....। बाकी वह खुद अपने कर्मों से निपट जाएगी। महंगाई, बेरोजगारी मसले पर पहले से घिरी हुई है।

प्रश्नः क्या किसानों का मसला भी परेशान कर सकता है?

उत्तर- प्रदेश में एक तिहाई किसान आबादी है, सब मिलकर भाजपा का सूपड़ा साफ करेंगे। केंद्र हो या राज्य, ये पहली ऐसी सरकार है जिनको किसानों का दुख-दर्द दिखाई नहीं देता, यह किसानों से नफरत करते हैं। मुख्यमंत्री योगी किसानों से कहते हैं कि लखनऊ में घुसने पर बक्कल उतार देंगे। केंद्र के मंत्रियों की बेटे सरेआम गाड़ियों से किसानों को कुचल देते हैं, तब भी कोई कुछ नहीं बोलता। ऐसी अमानवीयता को किसान कतई बर्दाश्त नहीं करेगा। इस बार पूरा हिसाब किया जाएगा।

प्रश्नः क्या आप अपने कोटे से सभी जाति-समुदायों के उम्मीदवारों को टिकट देंगे?

उत्तर- बिल्कुल। जनाधार के हिसाब से टिकटों का वितरण किया जाएगा। बिना भेदभाव के टिकट देंगे। विनिंग उम्मीदवार को ही मैदान में उतारेंगे। अगली सरकार रोजगार देने वाली आएगी और महंगाई को कम किया जाएगा। झूठे और लच्छेदार वादे नहीं किए जाएंगे।

- डॉ. रमेश ठाकुर

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