By अभिनय आकाश | Dec 13, 2024
कनाडा को लेकर जारी की गई एडवाइजरी वाले सवाल पर विदेश मंत्रालय की तरफ से कहा गया कि कनाडा में साढ़े चार लाख से ज्यादा हिंदुस्तानी छात्र वहां हैं। सबसे ज्यादा अगर स्टूडेंट कहीं हैं तो वो कनाडा में हैं। उसके अलावा भी वहां भारतीय समुदाय वर्ग बहुत बड़ी है। कनाडा को लेकर हमने जो एडवाइजरी जारी करके लोगों को सचेत किया है वो कुछ दिन पहले की बात है। अभी उन्हें अंडरलाइन करने का मतलब था कि हमारे तीन स्टूडेंट का वहां मर्डर हुआ है। जहां तक म्यांमार के हालात की बात है हम सारी गतिविधियों पर नजर बनाए हुए हैं। म्यांमार में हमारा पक्ष ये रहा है कि वहां पर जितने भी स्टेक होल्डर्स हैं वो साथ मिलकर बात करें। ताकी वहां पर शांति फिर से लौटकर आए।
एक अलग प्रश्न में उनसे पूछा गया कि पिछले पांच वर्ष के दौरान राज्यवार और वर्षवार कितने भारतीय नागरिकों ने स्वेच्छा से अपनी भारतीय नागरिकता त्यागी तथा इसके क्या कारण थे। इसके जवाब में उन्होंने कहा, ‘‘मंत्रालय के पास उपलब्ध जानकारी के अनुसार, अपनी भारतीय नागरिकता छोड़ने वाले भारतीयों की संख्या(2019 में) 1,44,017 , (2020 में) 85,256 , (2021 में) 1,63,370 , (2022 में)2,25,620 और (2023 में) 2,16,219 थी।’’ उन्होंने कहा कि विदेशी नागरिकता के लिए भारतीय नागरिकता त्यागने वाले लोगों का राज्यवार विवरण उपलब्ध नहीं है।