'एक तरफ चौकीदार है और दूसरी तरफ दुकानदार’, ओवैसी बोले- जब अल्पसंख्यकों पर जुल्म होता है तो किसी का मुंह नहीं खुलता

By अंकित सिंह | Aug 10, 2023

एआईएमआईएम सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने गुरुवार को अविश्वास प्रस्ताव में हिस्सा लेते हुए लोकसभा में गृह मंत्री अमित शाह की उस टिप्पणी पर कटाक्ष किया जो उन्होंने बुधवार को दी थी। असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि हमारे गृह मंत्री कल 'भारत छोड़ो' की बात कर रहे थे। मुझे आश्चर्य है कि अगर उन्हें पता चलेगा कि 'भारत छोड़ो' शब्द एक मुस्लिम द्वारा गढ़ा गया था, तो वह इस शब्द का उपयोग नहीं करेंगे। मैं कहना चाहता हूं कि आप (केंद्र सरकार) जिस तरह की राजनीति कर रहे हैं, उससे देश को नुकसान होगा। मैं पीएम से पूछना चाहता हूं कि क्या हिंदुत्व देश से ज्यादा महत्वपूर्ण है। उन्होंने यह भी कहा कि अगर इन लोग जुल्म के खिलाफ नहीं बोले तो ‘दुकानदारी’ बंद हो जाएगी, ‘चौकीदार’ बदल जाएगा और देश को तीसरा मोर्चा मिलेगा। 

 

इसे भी पढ़ें: 'Manipur CM को अमित शाह ने दी क्लीन चिट', Gaurav Gogoi का सवाल- PM ने अब तक क्यों नहीं किया राज्य का दौरा


ओवैसी ने भाजपा और कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि एक तरफ ‘चौकीदार’ है और दूसरी तरफ ‘दुकानदार’ है, लेकिन जब अल्पसंख्यकों पर जुल्म होता है तो किसी का मुंह नहीं खुलता। यह भी कहना था, ‘‘प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को चर्चा का जवाब देते हुए यह स्पष्ट करना चाहिए कि देश बड़ा है या फिर हिंदुत्व और (संघ विचारक) गोलवलकर की विचारधारा बड़ी है?’’ ओवैसी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी का परोक्ष रूप से उल्लेख करते हुए कहा, ‘‘इस देश में दो मोर्चे हैं। एक चौकीदार है और एक दुकानदार है। जब हम पर जुल्म होता है तो कोई मुंह नहीं खोलता। गृह मंत्री अमित शाह यूएपीए कानून लेकर आए तो इन दुकानदारों ने समर्थन किया।’’ ओवैसी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने पिछले लोकसभा चुनाव से पहले ट्विटर पर अपने नाम के आगे ‘चौकीदार’ लगाया था। राहुल गांधी ने ‘भारत जोड़ो यात्रा’ के दौरान ‘नफरत के बाजार में मोहब्बत की दुकान’ खोलने का नारा दिया था। 

 

इसे भी पढ़ें: Rajya Sabha में गतिरोध के बीच खड़गे का तंज, प्रधानमंत्री के आने से क्या होने वाला है? क्या परमात्मा है वो?


हैदराबाद से लोकसभा सदस्य ने कहा, ‘‘दुकानदार और चौकीदार हमारी लाशों पर कब तक सियासत करेंगे? अगर आप जुल्म के खिलाफ आवाज नहीं उठाएंगे तो दुकानदारी नहीं चलेगी, चौकीदार बदल जाएगा, तीसरा मोर्चा चलेगा।’’ उन्होंने ट्रेन में एक पुलिसकर्मी द्वारा चार लोगों की हत्या की घटना और हरियाणा की हिंसा का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार को बहुसंख्यक समुदाय से जुड़े कट्टरपंथ पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा, ‘‘इस सरकार का जमीर कहां गया था जब नूंह में सैकड़ों इमारत को ढहा दिया गया और कोई कानूनी प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया...हिंदुस्तान में नफरत का माहौल पैदा किया गया है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘क्य बिलकीस बानो इस देश की बेटी नहीं है...कातिलों को रिहा कर दिया गया। क्या यह आपका जमीर है?’’ ओवैसी ने ज्ञानवापी मामले का परोक्ष उल्लेख करते हुए कहा, ‘‘तारीख के जख्मों को नहीं कुरेदा जाना चाहिए...सरकार को उच्चतम न्यायालय में स्पष्ट करना चाहिए कि वह 1991 के उपासना स्थल अधिनियम पर कायम है।’’ 

All the updates here:

प्रमुख खबरें

T20 World Cup: Ireland की बड़ी जीत, Oman टूर्नामेंट से Knockout होने वाली पहली टीम बनी

बांग्लादेश में सत्ता परिवर्तन की वैचारिक क्रांति

Amit Shah का Congress पर बड़ा हमला, Puducherry को बना दिया था Gandhi परिवार का ATM

India-US Trade Deal का बड़ा असर, Piyush Goyal बोले- अब प्रतिस्पर्धी दाम पर मिलेगा Crude Oil