By अंकित सिंह | Feb 07, 2025
संसद का बजट सत्र चल रहा है। आज दोनों ही सदनों में कामकाज देखने को मिली। हालांकि, विपक्षी सांसद लगातार अमेरिका से निर्वासित भारतीयों का मुद्दा उठाते रहे। दोनों ही सदनों में बजट पर चर्चा की शुरुआत हुई है। विभिन्न राजनीतिक दलों के सांसदों ने बजट को लेकर अपना पक्ष भी रखा। केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने कहा कि सरकार सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम वाले एचपीवी (ह्यूनम पोपिलोमा वायरस) टीके को सार्वजनिक टीकाकरण कार्यक्रम में शामिल करने को लेकर मंथन कर रही है। वहीं, भाकपा सदस्य ने जीसीसी देशों में रहने वाले भारतीयों की परेशानियों का मुद्दा राज्यसभा में उठाया। पीयूष गोयल ने राज्यसभा में कहा कि भारत यूरोपीय संघ (ईयू) के नए व्यापार नियमों से जुड़े मुद्दों को हल करने के लिए उसके साथ बातचीत कर रहा है।
समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद शिवपाल सिंह पटेल ने अमेरिका से वापस भेजे गए भारतीय प्रवासियों से जुड़ा विषय शुक्रवार को लोकसभा में उठाया और कटाक्ष करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को अपना मित्र कहते थे, फिर भारत के लोगों के साथ इस तरह का व्यवहार क्यों हुआ। उन्होंने केंद्रीय बजट पर चर्चा में भाग लेते हुए आरोप लगाया कि भारतीय नागरिकों का अपमान हुआ और भारत सरकार संवेदनाहीन बनी रही।
केंद्रीय रसायन एवं उर्वरक मंत्री जे पी नड्डा ने शुक्रवार को कहा कि देश में यूरिया खाद की कोई किल्लत नहीं है और कुछ लोग मुनाफाखोरी के लिए इसके दामों को प्रभावित कर परेशानी पैदा कर रहे हैं। नड्डा ने लोकसभा में पूरक प्रश्नों का उत्तर देते हुए यह भी कहा कि जन प्रतिनिधियों को और राज्य सरकार को इस तरह के तत्वों पर कार्रवाई करने में मदद करनी चाहिए।
तृणमूल कांग्रेस के महासचिव अभिषेक बनर्जी ने शुक्रवार को केंद्रीय बजट को ‘बांग्ला विरोधी बजट’ करार दिया और आरोप लगाया कि इस सरकार ने अर्थव्यवस्था को ‘‘सांठगांठ वाले पूंजीवाद के रावण’’ को सौंप दिया है तथा ‘‘सीता माता की तरह’’ देश के आम आदमी को गुमराह किया है। बनर्जी ने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ‘रिवर्स रॉबिनहुड’ की महारथी है जो गरीबों से लेकर अमीरों को देती है। बनर्जी ने कहा कि सरकार ‘अधूरे संघवाद’ पर अमल कर रही है क्योंकि बिहार को देती है और पश्चिम बंगाल की उपेक्षा करती है।
राज्यसभा में जनता दल यू के संजय झा ने बिहार के दरभंगा हवाई अड्डे का नाम मध्य काल के प्रसिद्ध मैथिल कवि विद्यापति पर रखे जाने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि विद्यापति ने भारतीय साहित्य और भक्ति परंपरा में अत्यधिक महत्वपूर्ण योगदान दिया है और मिथिला क्षेत्र के वासियों के दिलों में उनका अमिट स्थान है।
राज्यसभा में राष्ट्रीय जनता दल के सदस्य ने शुक्रवार को उच्च सदन में आय की बढ़ती असमानता का मुद्दा उठाते हुए इसे अर्थव्यवस्था और सामाजिक स्थिरता के लिए खतरा करार दिया तथा इसे दूर करने के लिए केंद्र से तत्काल कदम उठाने का आग्रह किया। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के मनोज झा ने शून्यकाल में यह मुद्दा उठाते हुए कहा कि मध्यम और निम्न आय वर्ग की आय में गिरावट आई है, जबकि अमीरों की आय बढ़ रही है।
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने राष्ट्रीय कृषि बाजार (ई-नाम) मंच को किसानों के लिए ‘वरदान’ करार देते हुए शुक्रवार को कहा कि अब तक 1.78 करोड़ किसान इससे पंजीकृत हो चुके हैं, 4,362 किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ) जुड़ चुके हैं और 239.6 करोड़ रुपये मूल्य की उपज का व्यापार हुआ है। राज्यसभा में पूरक प्रश्नों का जवाब देते हुए चौहान ने यह भी कहा कि 31 दिसंबर 2024 तक लगभग 1,410 मंडियों को ई-नाम मंच से जोड़ा गया है।
पीयूष गोयल विदेश में उस समय भौचक रह गये जब स्विटजरलैंड के एक मंत्री ने उनके पास आकर, हरियाणा के गांव में बनी ‘सिंगल माल्ट व्हिस्की’ की जमकर प्रशंसा की और कहा कि यह यूरोप में काफी पसंद की जाती है, जबकि गोयल ने इसका नाम भी नहीं सुना था। गोयल ने यह बात शुक्रवार को राज्यसभा में एक पूरक सवाल के जवाब में कही। उन्होंने निर्दलीय सदस्य कार्तिकेय शर्मा के एक पूरक सवाल के जवाब में कहा कि तीन महीना पहले वह एक बैठक के लिए ज्यूरिख (स्विटजरलैंड) में थे। गोयल ने कहा, ‘‘मैं व्हिस्की नहीं पीता और मैं यह सुनकर चकित रह गया... मुझे नहीं पता था कि यह व्हिस्की यूरोप के बाजारों में प्रीमियम व्हिस्की के रूप में बिकती है और आसानी से उपलब्ध नहीं होती।’’
राज्यसभा में शुक्रवार को विभिन्न दलों के सदस्यों ने ‘डीपफेक’ तकनीक से समाज को हो रहे नुकसान, सूरत के हीरा उद्योग की परेशानी, आलू किसानों की दयनीय स्थिति और हैदराबाद के मूसी नदी के अस्तिव पर छाए संकट को लेकर अपनी-अपनी चिंताएं व्यक्त कीं। राज्यसभा में शून्यकाल के दौरान भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की दर्शना सिंह ने कहा कि आज के युग में तकनीक ने जहां जीवन को आसान बनाने में सहयोग दिया है, वहीं दूसरी तरफ इसकी वजह से कभी-कभी कुछ गंभीर संकटों का भी सामना करना पड़ रहा है।