पारम्परिक आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति को दें बढ़ावा- राज्यपाल

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Dec 18, 2021

शिमला  राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने कहा कि आयुर्वेद भारत की स्थायी चिकित्सा पद्धति है, जिसे आज दुनिया अपना रही है। राज्यपाल ने यह बात आज जिला कांगड़ा के राजकीय आयुर्वेदिक महाविद्यालय, पपरोला में विभिन्न संकायों के विभागाध्यक्षों को संबोधित करते हुए कही।

इसे भी पढ़ें: राष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी नेहा की मदद को कांग्रेस ने बढ़ाए हाथ

आर्लेकर ने महाविद्यालय परिसर में हर्बल गार्डन स्थापित करने के लिये प्रशासन की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस तरह के हर्बल गार्डन दैनिक जीवन शैली के हिस्से होने चाहिये। इस के माध्यम से हम औषधीय पौधों के प्रति अन्यों को भी प्रेरित कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि इस विषय में उन्होंने राज्य के वन विभाग से बात की है। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय इस दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थी इस कार्य में उत्प्रेरक की भूमिका निभा सकते हैं।

महाविद्यालय के प्रधानाचार्य डॅा. विजय चैधरी ने राज्यपाल का स्वागत किया तथा महाविद्यालय के इतिहास, शोध कार्यों, विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि 14 विषयों में यहां विशेषज्ञता उपलब्ध करवाई जा रही है और हर वर्ष करीब 56 विद्यार्थी यहां से विशेषज्ञता हासिल करके निकल रहे हैं। उन्होंने कहा कि यहां करीब 200 बिस्तरों की सुविधा वाला अस्पताल भी उपलब्ध है और हर साल 50 से 60 परियोजनाओं पर शोध कार्य किया जा रहा है।

इसे भी पढ़ें: जय राम ठाकुर ने जलवायु परिर्वतन के प्रभाव को कम करने के लिए ठोस उपाय करने पर बल दिया

कांगड़ा के उपायुक्त निपुण जिंदल ने इस अवसर पर राज्यपाल को स्थानीय स्तर पर गैर सरकारी संगठनों द्वारा तैयार काढ़ा और बांस से तैयार किये गए अन्य उत्पादों की भी जानकारी दी।इससे पूर्व, राज्यपाल ने परिसर के विभिन्न संकायों का दौरा किया। उन्होंने हर्बल गार्डन में रुद्राक्ष का पौधा भी रोपा।  कांगड़ा के पुलिस अधीक्षक खुशाल शर्मा तथा जिला प्रशासन के अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।  इससे पूर्व आज प्रातः राज्यपाल ने कांगड़ा जिला के बैजनाथ स्थित प्राचीन शिव मंदिर में पूजा अर्चना भी की।

प्रमुख खबरें

L&T का बड़ा ऐलान: Middle East संकट से Growth पर लगेगा ब्रेक, आय का अनुमान घटाया

FIFA World Cup 2026 प्रसारण पर फंसा पेंच, क्या सरकारी चैनल DD Sports बनेगा आखिरी सहारा?

Google DeepMind में बगावत: Military AI सौदे पर भड़के कर्मचारी, बनाई शक्तिशाली Union

AI की जंग में Anthropic का नया दांव, OpenAI को टक्कर देने के लिए Banking Sector में उतारे नए Tools