By अभिनय आकाश | Jan 27, 2025
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन बहुत जल्द भारत का दौरा कर सकते हैं। लेकिन उनसे पहले उनका एक बयान खूब चर्चा में है। जहां उन्होंने भारत के साथ संबंधों के और मजबूत होने की उम्मीद जताई है। उन्होंने कहा है कि रूस और भारत के संबंध विशेष रणनीतिक साझेदारी पर आधारित हैं। पुतिन ने उम्मीद जताते हुए कहा कि दोनों देश मिलकर ये प्रयास करते रहेंगे कि सभी क्षेत्रों में हमारे द्विपक्षीय संबंध लगातार मजबूत होते रहे। जिनसे दोनों देशों को लाभ हो। उन्होंने कहा कि रूस और भारत के संबंध विशेष हैं। मुझे विश्वास है कि हमारे द्विपक्षीय संबंध प्रगाढ़ होते रहेंगे। दोनों देशों के बीच मैत्रीपूर्ण संबंध से हमारे मूलभूत हित पूरे होंगे और ये अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था के भी अनुरूप होगा। पुतिन ने रिपब्लिक डे के मौके पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को शुभकामना संदेश में कहा कि 75 साल पहले अस्तित्व में आए भारत के संविधान में भारत के लोकतांत्रिक विकास की नींव रखी। तभी से आपके देश ने सामाजिक, आर्थिक, वैज्ञानिक, तकनीकी और अन्य क्षेत्रों में सार्वभौमिक सफलता हासिल की और अंतरराष्ट्रीय क्षेत्र में पहचान बनाई है।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि वह अपने रूसी समकक्ष व्लादिमीर पुतिन से कभी भी मिलने को तैयार हैं, लेकिन साथ ही उन्होंने आगाह किया कि अगर रूस, यूक्रेन के मुद्दे पर बातचीत के लिए आगे नहीं आता है तो रूस पर प्रतिबंध लगाए जा सकते हैं। यह पूछे जाने पर कि अगर पुतिन बातचीत के लिए आगे नहीं आते हैं तो क्या अमेरिका रूस पर और भी प्रतिबंध लगाएगा तो ट्रंप ने कहा कि ऐसा ही लगता है। ट्रंप ने कहा कि संघर्ष कभी शुरू ही नहीं होना चाहिए था। मुझे लगता है आपके पास एक सक्षम राष्ट्रपति नहीं था। अगर होता तो युद्ध नहीं होता। अगर मैं राष्ट्रपति होता तो यूक्रेन में युद्ध कभी नहीं होता। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि रूस कभी यूक्रेन में नहीं जाता। पुतिन और मेरे बीच बहुत अच्छी और मजबूत समझ थी। ऐसा कभी नहीं होता। उन्होंने जो बाइडन का अनादर किया। उन्होंने लोगों का भी अनादर किया। वह स्मार्ट हैं।