Nashik में सड़कों पर क्यों उतरे आदिवासी छात्र? Rahul Gandhi के समर्थन से गरमाया मामला

By एकता | Sep 06, 2026

महाराष्ट्र के नासिक में आदिवासी छात्रों का विरोध प्रदर्शन लगातार जारी है। सरकारी सहायता प्राप्त आश्रम स्कूलों की खराब स्थिति, छात्रों की सुरक्षा और मौतों के मुद्दे को लेकर 100 से ज्यादा छात्र नासिक के ईदगाह मैदान में आंदोलन कर रहे हैं। इनमें कई छात्र अपनी मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर भी बैठे हैं।

राहुल गांधी ने छात्रों के समर्थन में क्या कहा?

कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर छात्रों के प्रदर्शन को लेकर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में हजारों छात्र शांतिपूर्ण तरीके से सड़कों पर उतरकर अपनी आवाज उठा रहे हैं। राहुल गांधी ने कहा कि यह मामला सिर्फ किसी एक परीक्षा या भर्ती से जुड़ा नहीं है, बल्कि छात्रों का व्यवस्था पर भरोसा टूटने से जुड़ा है। उन्होंने पेपर लीक, रुकी हुई भर्तियों, महंगी शिक्षा, छात्रावासों की खराब स्थिति और अन्य समस्याओं का जिक्र करते हुए सरकार से छात्रों की आवाज सुनने की अपील की।

उन्होंने कहा कि अपने बेहतर और उज्ज्वल भविष्य के लिए छात्रों की मांगें जायज हैं और सरकार को तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए। राहुल गांधी ने चेतावनी दी कि अगर छात्रों की बात नहीं सुनी गई तो उनका आंदोलन और तेज हो सकता है।

इसे भी पढ़ें: Congress-TVK Meeting: Manickam Tagore का बड़ा बयान, 2029 में Rahul Gandhi होंगे PM पद के उम्मीदवार

नासिक में क्यों आंदोलन कर रहे हैं आदिवासी छात्र?

नासिक में चल रहे इस प्रदर्शन में आदिवासी रेजीडेंट यानी आश्रम स्कूलों के छात्र शामिल हैं। छात्रों का कहना है कि सरकारी सहायता प्राप्त आश्रम स्कूलों में लंबे समय से कई तरह की समस्याएं हैं। प्रदर्शनकारी स्कूलों में बेहतर सुविधाएं, सुरक्षा की पुख्ता व्यवस्था और छात्रों की मौत के मामलों में कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि सरकार को सिर्फ आश्वासन देने के बजाय जमीन पर व्यवस्था सुधारने के लिए ठोस कदम उठाने चाहिए।

इसे भी पढ़ें: '2029 में राहुल गांधी ही बनेंगे PM', TVK के 'विजय फॉर PM' के दावे पर बोली तमिलनाडु कांग्रेस, गठबंधन टूटने के आसार

आंदोलन को मिला राजनीतिक समर्थन

छात्रों के इस आंदोलन को राजनीतिक समर्थन भी मिल रहा है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी के अलावा शिवसेना नेता आदित्य ठाकरे और कॉकरोच जनता पार्टी  के संस्थापक अभिजीत दिपके ने भी छात्रों की मांगों का समर्थन किया है। फिलहाल प्रदर्शनकारी छात्र अपनी मांगों पर सरकार की ओर से तत्काल कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं। आंदोलन के चलते महाराष्ट्र सरकार पर छात्रों की समस्याओं को लेकर दबाव बढ़ता जा रहा है।

प्रमुख खबरें

Saharanpur: मस्जिद के मलबे के नीचे मिला 15 फीट गहरा कुआं, कलेक्ट्रेट परिसर में मचा हड़कंप

Junior Asia Cup में भारतीय महिला हॉकी टीम का दबदबा, Malaysia को 11-1 से हराया

Iran War खत्म होते ही Trump चलेंगे बड़ी चाल! इजरायल से लेकर सऊदी अरब तक बदलेंगे समीकरण

FPI ने सितंबर के पहले सप्ताह में शेयर बाजार से 7,443 करोड़ रुपये निकाले