By अंकित सिंह | Aug 11, 2023
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने शुक्रवार को कहा कि मणिपुर शांति के लिए राहुल गांधी का नुस्खा गलत है क्योंकि गांधी संघर्षग्रस्त पूर्वोत्तर राज्य में सेना के हस्तक्षेप का सुझाव दे रहे हैं। हिमंत ने कहा, मणिपुर की स्थिति का समाधान गोलियों से नहीं दिलों से निकलना चाहिए। अपने बयान में हिमंता ने कहा कि भारतीय वायु सेना ने आइजोल में भी यही किया। बमबारी के बाद हिंसा कम हो रही थी। आज राहुल गांधी ने कहा कि भारतीय सेना को मणिपुर में हिंसा रोकनी चाहिए। उन्होंने सवाल किया कि इसका मतलब क्या है? क्या उन्हें नागरिकों पर गोलियां चलानी चाहिए?
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आज कहा था कि प्रधानमंत्री कम से कम मणिपुर जा सकते थे, समुदायों से बात कर सकते थे और कह सकते थे कि मैं आपका पीएम हूं, आइए बात शुरू करें लेकिन मुझे कोई इरादा नहीं दिखता। उन्होंने कहा कि सवाल यह नहीं है कि क्या पीएम मोदी 2024 में पीएम बनेंगे, सवाल मणिपुर का है जहां बच्चे, लोग मारे जा रहे हैं। राहुल गांधी ने कहा कि भारतीय सेना इस नाटक को 2 दिनों में रोक सकती है लेकिन पीएम मणिपुर को जलाना चाहते हैं और आग को बुझाना नहीं चाहते हैं। उन्होंने कहा कि कल PM मोदी ने संसद में करीब 2 घंटे 13 मिनट तक बोला। अंत में उन्होंने मणिपुर पर 2 मिनट तक बात की। मणिपुर महीनों से जल रहा है, लोग मारे जा रहे हैं, बलात्कार हो रहे हैं लेकिन प्रधानमंत्री हँस रहे थे, चुटकुले सुना रहे थे। यह उन्हें शोभा नहीं देता।