संजय राउत को इंदिरा गांधी के बारे में टिप्पणी नहीं करनी चाहिए थी: पवार

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jan 18, 2020

नासिक (महाराष्ट्र)। राकांपा प्रमुख शरद पवार ने शुक्रवार को कहा कि शिवसेना सांसद संजय राउत को यह कहने से परहेज करना चाहिए था कि पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी गैंगस्टर करीम लाला से मिला करती थीं। उन्होंने राज्य के सत्तारूढ़ गठबंधन के नेताओं में असंतोष की खबरों को खारिज किया और कहा, ‘‘वास्तविक रूप से हम सब कांग्रेसी हैं और कांग्रेस के लोग व्यावहारिक सोच रखते हैं।’’ राउत ने बुधवार को कहा था कि इंदिरा गांधी अपने मुंबई दौरों के दौरान करीम लाला से मिलती थीं। उनके इस बयान पर कांग्रेस ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की जो राज्य में शिवसेना नीत गठबंधन सरकार का हिस्सा है। राउत ने बाद में अपना बयान वापस ले लिया था। राकांपा अध्यक्ष ने कहा, ‘‘हम सभी का मानना है कि उन्हें इंदिरा गांधी के बारे में बयान नहीं देना चाहिए था। लेकिन उन्होंने बयान वापस ले लिया है। इसलिए, मैं (दोबारा) मुद्दे को नहीं उठाना चाहता।’’

पवार ने उस रिपोर्ट की चर्चा की जिसमें दावा किया गया है कि उन्होंने एक चुनाव प्रचार रैली में गैंगस्टर हाजी मस्तान के साथ मंच साझा किया था। उन्होंने कहा, ‘‘मैं 1972 में पार्टी के लिए प्रचार करने मोहम्मद अली रोड गया था। एक रैली हुई थी। अगले दिन, मैंने अखबारों में पढ़ा कि शरद पवार और हाजी मस्तान रैली में एक-दूसरे के साथ बैठे।’’

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राकांपा अध्यक्ष ने कहा, ‘‘यहां तक कि मैं यह भी नहीं जानता था कि हाजी मस्तान कौन है...लेकिन समाचार प्रकाशित हुआ।’’ सत्तारूढ़ गठबंधन में कथित असंतोष के बारे में पूछे गए सवाल के जवाब में पवार ने कहा कि इसके नेताओं को कोई सलाह देने की जरूरत नहीं है क्योंकि वे सभी परिपक्व हैं और जानते हैं कि उन्हें सरकार चलानी है। उन्होंने कहा, ‘‘वे देख चुके हैं कि जब कोई सरकार में नहीं होता तो क्या होता है। वास्तविक रूप से हम सभी कांग्रेसी हैं, और कांग्रेस के लोग व्यावहारिक सोच रखते हैं।’’

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