By अभिनय आकाश | Jun 11, 2026
मध्य प्रदेश से बीजेपी के राज्यसभा उम्मीदवार महेश केवट के वकील के अनुसार, सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश में चल रही राज्यसभा चुनाव प्रक्रिया पर अंतरिम रोक लगाने और अधिकारियों को नतीजे घोषित करने से रोकने से इनकार कर दिया है। वकील संकेत गुप्ता ने गुरुवार को कहा कि कोर्ट कांग्रेस नेता मीनाक्षी नटराजन की उस याचिका को 12 जून को लिस्ट करने पर सहमत हो गया है, जिसमें उनके नॉमिनेशन पेपर खारिज किए जाने को चुनौती दी गई है। यह बयान तब आया है जब सुप्रीम कोर्ट ने मीनाक्षी नटराजन का पक्ष रख रहे अभिषेक मनु सिंघवी द्वारा इस मामले का ज़िक्र किए जाने के बाद सुनवाई की। मीडियाकर्मियों से बात करते हुए वकील गुप्ता ने कहा अभिषेक मनु सिंघवी ने कोर्ट के सामने यह मामला उठाया था, लेकिन कोर्ट ने चुनाव प्रक्रिया में दखल देने से इनकार कर दिया। जब अभिषेक मनु सिंघवी ने इस पर किसी तरह की अंतरिम रोक की मांग की, तो भी कोर्ट ने चुनाव प्रक्रिया में दखल देने से मना कर दिया।गुप्ता ने इस बात पर ज़ोर दिया कि कोर्ट ने इस चरण में दखल न देने का अपना रुख़ बनाए रखा है।
कांग्रेस सांसद और वरिष्ठ वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने आरोप लगाया कि नटराजन का नामांकन खारिज करने का रिटर्निंग ऑफिसर का फैसला "गलत" और 'जन प्रतिनिधित्व अधिनियम' (Representation of the People Act) के प्रावधानों के खिलाफ है, क्योंकि कांग्रेस उम्मीदवार के खिलाफ आपराधिक मामला अभी संज्ञान लेने (cognisance) के चरण तक भी नहीं पहुंचा है। सिंघवी ने तर्क दिया कि नटराजन का नामांकन उस चरण से बहुत पहले ही खारिज कर दिया गया था, जिस चरण पर कानून के तहत जानकारी का खुलासा करना ज़रूरी होता है।