By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 18, 2026
बाजार नियामक सेबी ने सोमवार को निवेशकों को सोशल मीडिया मंचों पर पेश की जा रही ‘लाइव ट्रेडिंग’ रणनीतियों के आधार पर निवेश संबंधी फैसले लेने को लेकर आगाह किया। नियामक ने कहा कि ऐसे सत्रों में बिना पंजीकरण के निवेश सलाहकार सेवाएं दी जा सकती हैं। भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) ने कहा कि उसके संज्ञान में आया है कि सोशल मीडिया पर कुछ लोग ‘लाइव ट्रेडिंग’ सत्रों के जरिये शेयर बाजार में निवेश के लिए वास्तविक समय में सुझाव दे रहे हैं।
नियामक ने मई में जारी अपने परिपत्र में कहा था कि निवेशकों की शिक्षा और जागरूकता से जुड़ी गतिविधियों के लिए बाजार कीमत संबंधी आंकड़े केवल 30 दिन के अंतराल के साथ साझा किए जा सकते हैं और इसके लिए प्रतिभागियों को कोई मौद्रिक प्रोत्साहन नहीं दिया जाना चाहिए। सेबी ने कहा, ‘‘केवल शिक्षा के क्षेत्र में काम करने वाले व्यक्ति को किसी प्रतिभूति के पिछले 30 दिन के बाजार मूल्य संबंधी आंकड़ों का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए, न ही भविष्य की कीमत का संकेत देना चाहिए या किसी प्रतिभूति अथवा प्रतिभूतियों के संबंध में सलाह या सिफारिश देनी चाहिए।’’ सेबी ने स्पष्ट किया कि बाजार के वास्तविक समय के आंकड़े सिवाय प्रतिभूति बाजार के व्यवस्थित संचालन से जुड़े उद्देश्यों या नियामकीय आवश्यकताओं को पूरा करने के मामलों को छोड़कर किसी भी संस्था द्वारा साझा नहीं किए जा सकते। इस संदर्भ में सेबी ने निवेशकों को सावधानी बरतने और सोशल मीडिया पर ‘लाइव’ या वास्तविक समय में कारोबार की रणनीतियां देने वाले लोगों के दावों पर भरोसा नहीं करने की सलाह दी है।
नियामक ने कहा, ‘‘निवेशकों को ऐसे लोगों के सुझावों पर भरोसा नहीं करना चाहिए और ऐसे ‘लाइव ट्रेडिंग’ सत्रों के आधार पर निवेश संबंधी फैसले नहीं लेने चाहिए। उन्हें केवल सेबी में पंजीकृत मध्यस्थों के साथ ही कारोबार करना चाहिए।’’ सेबी ने निवेशकों से प्रतिभूति बाजार में लेनदेन करते समय सतर्क रहने और निवेश संबंधी सलाह के लिए गैर-पंजीकृत व्यक्तियों या संस्थाओं पर निर्भर रहने से बचने को कहा।