By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Nov 06, 2026
बीजापुर, पांच नवंबर छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में सुरक्षाबलों ने बृहस्पतिवार को करेगुट्टा पहाड़ियों के पास माओवादियों द्वारा छिपाकर रखे गए 711 बैरल ग्रेनेड लॉन्चर (बीजीएल) गोले बरामद किए। पुलिस अधिकारियों ने यह जानकारी दी। पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि खुफिया जानकारी मिलने पर बीजापुर जिला पुलिस, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की 196वीं बटालियन और कोबरा बटालियन के एक संयुक्त दल को तलाशी अभियान पर भेजा गया था।
उन्होंने बताया कि इस अभियान के दौरान उसूर थाना क्षेत्र के ताड़ापाला गांव में सुरक्षा बलों के फॉरवर्ड ऑपरेटिंग बेस के आसपास के जंगली इलाकों की तलाशी ली गई। अधिकारियों ने बताया कि सुरक्षा बलों ने ताड़ापाला बेस से लगभग 1.5 किलोमीटर उत्तर-पश्चिम में करेगुट्टा पहाड़ियों के पास माओवादियों द्वारा छिपाकर रखे गए 711 बीजीएल गोले बरामद किए। उन्होंने बताया कि बरामद किए गए गोलों को तय सुरक्षा नियमों का पालन करते हुए सुरक्षित रख लिया गया है।
पुलिस ने आम लोगों को सलाह दी है कि वे फिलहाल करेगुट्टा और उसके आसपास की पहाड़ियों पर जाने से बचें, क्योंकि वहां बारूदी सुरंग या अन्य विस्फोटक सामग्री होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। अधिकारियों ने बताया कि एक अभियान के तहत इस इलाके में विस्फोटक हटाने का अभियान चलाया जाएगा। छत्तीसगढ़-तेलंगाना सीमा पर स्थित करेगुट्टा पहाड़ियों को माओवादी नेताओं के लिए एक सुरक्षित ठिकाना माना जाता था।
पिछले साल अप्रैल-मई में, केंद्रीय और राज्य सुरक्षा बलों ने इन पहाड़ियों के आसपास के घने जंगलों में 21 दिनों तक एक अभियान चलाया था, जिसमें कम से कम 31 माओवादी मारे गए थे। सुरक्षा बलों ने पिछले साल नवंबर में इस इलाके में एक नया शिविर भी स्थापित किया था।