By अनन्या मिश्रा | Apr 09, 2026
कांगड़ा जिले में फेमस शक्तिपीठों में से एक नगरकोट धाम है। जहां पर मां ब्रजेश्वरी का मंदिर है और यहां पर मक्खन चढ़ता है। यहां पर मकर संक्रांति को यहां पर विशेष पूजा की जाती है। यहां बनने वाले मक्खन के घृतमंडल को लेकर कहा जाता है कि युद्ध में महिषासुर को मारने के बाद देवी मां को कुछ चोटें आई थीं। उन चोटों को दूर करने के लिए मां ने नगरकोट में अपने शरीर पर मक्खन लगाया था। इस दिन को चिह्नित करने के लिए देवी की पिंडी को मक्खन से ढका जाता है और मंदिर में एक सप्ताह उत्सव मनाया जाता है।
यह मंदिर हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा शहर में स्थित है। धर्मशाला घूमने आने वाले लोग यहां माता रानी के दर्शन करके जाते हैं। धर्मशाला से करीब 18 से 20 किमी की दूरी पर है। इसलिए यहां पहुंचने में कोई ज्यादा परेशानी नहीं होगी। मंदिर पहाड़ों में ऐसी जगह स्थित है। जहां का शांत और सुकून भरा वातावरण रहता है। इस मंदिर को माता के 51 शक्तिपीठों में से एक माना जाता है। यही वजह है कि नवरात्रि में इस मंदिर में भक्तों की भीड़ होती है। महाभारत काल से भी इस मंदिर का इतिहास जोड़कर देखा जाता है। माना जाता है कि पांडवों ने भी यहां पूजा की थी।
अगर आप यहां पर फ्लाइट से आने का प्लान कर रही हैं, तो गग्गल एयरपोर्ट तक फ्लाइट ले सकती हैं। यह कांगड़ा में स्थित है और यहां से मंदिर तक पहुंचने के लिए आपको 15 किमी का सफर पूरा करना होगा।
वहीं अगर आप ट्रेन यात्रा से यहां तक पहुंचना चाहती हैं, तो आपको पठानकोट रेलवे स्टेशन के लिए टिकट बुक करना होगा। यहां से कांगड़ा पहुंचने के लिए टैक्सी या बस लेना होगा।
जो भी लोग अपनी गाड़ी से यात्रा प्लान कर रहे हैं, तो यह बेस्ट रास्ता है। दिल्ली, चंडीगढ़ और धर्मशाला से नियमित बसें चलती हैं। वहीं रास्ता अच्छा होने के कारण आप अपनी गाड़ी से भी आ सकते हैं। वहीं जो लोग बाइक से यात्रा करना चाहते हैं, तो यह शहर हिमाचल और आसपास के राज्यों से जुड़ा हुआ है।