By अंकित सिंह | Nov 21, 2022
मैनपुरी लोकसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव में समाजवादी पार्टी ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। इस दौरान मुलायम सिंह यादव के परिवार की एकता भी साफ तौर पर दिखाई दे रही है। समाजवादी पार्टी ने मैनपुरी से डिंपल यादव को अपना उम्मीदवार बनाया है। डिंपल यादव के पक्ष में प्रचार के लिए अखिलेश यादव, रामगोपाल यादव, शिवपाल यादव सहित तमाम यादव परिवार के सदस्य लगातार सामने आ रहे हैं। आज शिवपाल यादव फिर लगातार बहू के पक्ष में प्रचार करते दिखे। अखिलेश यादव से दूरियों के बीच यह पहला मौका है जब वह सार्वजनिक तौर पर डिंपल यादव के लिए प्रचार करते दिखाई दे रहे हैं। इससे पहले अखिलेश यादव ने चाचा शिवपाल यादव के पैर छुए थे और आशीर्वाद लिया था। शिवपाल यादव और अखिलेश यादव के बीच 2017 से रिश्ते सामान्य नहीं रहे है।
शिवपाल सिंह यादव ने भाजपा उम्मीदवार रघुराज सिंह शाक्य का नाम लिये बिना कहा कि वह उनके शिष्य या चेला नहीं हैं। समाजवादी पार्टी (सपा) के संरक्षक मुलायम सिंह यादव के निधन के चलते मैनपुरी लोकसभा सीट पर उपचुनाव कराना जरूरी हो गया था। भाजपा ने डिंपल यादव के खिलाफ शाक्य को मैदान में उतारा है। शाक्य ने पिछले हफ्ते कहा था कि शिवपाल सिंह यादव उनके राजनीतिक गुरु हैं और वह उनका आशीर्वाद लेंगे। शिवपाल ने डिंपल यादव के पक्ष में एक चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि एक व्यक्ति आपके बीच घूम रहा है और वोट मांग रहा है ... वह कह रहा है कि वह मेरा शिष्य है। शिवपाल यादव ने शाक्य का नाम लिए बिना कहा कि शिष्य होने की बात छोड़ो, वह मेरा चेला भी नहीं है। अगर वह शिष्य होता तो बता के जाता, छिपके नहीं जाता। वह एक महत्वाकांक्षी, स्वार्थी और अवसरवादी व्यक्ति है।