By प्रेस विज्ञप्ति | Feb 28, 2025
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पटना समेत पूरे प्रमंडल को ही जाम से मुक्ति दिलाने का मास्टर प्लान तैयार किया है। मुख्यमंत्री ने अपनी प्रगति यात्रा के तहत पटना, बक्सर, रोहतास, कैमूर, भोजपुर और नालंदा को जाम से राहत दिलाने के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाओं की घोषणा की है। इनमें सड़कों को चौड़ा करना, नए पुलों-फ्लाईओवरों का निर्माण, वैकल्पिक मार्गों और भूमिगत बिजली व जल निकासी की व्यवस्था करना शामिल है।
• बक्सर में ट्रैफिक सुधार: बक्सर में रामरेखा घाट के आधुनिकीकरण के साथ नए सड़क मार्ग विकसित किए जाएंगे। जिससे धार्मिक पर्यटन स्थल तक यातायात को सुगम बनाया जा सकेगा।
• रोहतास और कैमूर में नई सड़कें:
सोन नदी से जल आपूर्ति और करगहर-बड़हरी-धर्मपुरा सड़क मार्ग के चौड़ीकरण से क्षेत्र की कनेक्टिविटी मजबूत होगी।
• भोजपुर में वैकल्पिक मार्ग:
कोइलवर से आरा तक नई सड़क परियोजना लाई जाएगी, जिससे जाम की समस्या से राहत मिलेगी।
• नालंदा में पर्यटन और कनेक्टिविटी:
राजगीर में रोपवे, ईको-टूरिज्म सेंटर और नया रिसॉर्ट बनाए जाएंगे, जिससे पर्यटकों की आवाजाही आसान होगी।
पटना और इसके आसपास के क्षेत्रों में नए पुलों और फ्लाईओवर के निर्माण से भी जाम की समस्या कम होगी। पुनपुन स्टेशन से पटना रिंग रोड को जोड़ने वाले मिसिंग लिंक पथ का निर्माण होगा, जिससे पुनपुन स्टेशन के आसपास लगने वाला जाम खत्म होगा। बख्तियारपुर में धोबा नदी और पुनपुन में मोरहर नदी पर पुलों का निर्माण होगा, जिससे ग्रामीण इलाकों से पटना और अन्य शहरों तक आसान आवागमन सुनिश्चित किया जा सकेगा।
पटना में नेहरू पथ के दोनों तरफ भूमिगत नाले बनाए जाएंगे और राजीव नगर एवं आनंदपुरी नालों को पक्का कर उनके ऊपर सड़कें विकसित की जाएंगी, जिससे बारिश के मौसम में जलजमाव के कारण लगने वाले जाम से राहत मिलेगी। इसके अलावा, पटना शहर में बिजली के तारों को भूमिगत किया जाएगा, जिससे बिजली के खंभों और लटकते तारों की वजह से लगने वाले जाम से छुटकारा मिलेगा।
पटना में नए अंतरराष्ट्रीय ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट के निर्माण के लिए केंद्र सरकार से अनुरोध किया जाएगा। इससे जयप्रकाश नारायण एयरपोर्ट पर ट्रैफिक का दबाव कम होगा और शहर में वाहनों का लोड घटेगा।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि इन सभी योजनाओं का उद्देश्य पटना और पटना प्रमंडल को जाम मुक्त, सुव्यवस्थित और आधुनिक बनाना है। इन परियोजनाओं के पूरा होने के बाद न केवल राजधानी बल्कि आसपास के जिलों में भी यातायात की स्थिति में सुधार आएगा, जिससे लोगों को राहत मिलेगी और क्षेत्र का आर्थिक व सामाजिक विकास तेज होगा।