By अभिनय आकाश | Mar 24, 2025
क्या आपको पता है कि इस वक्त दुनिया की अलग अलग जेलों में 10 हजार 152 भारतीय बंद हैं। इनका सबसे बड़ा हिस्सा अरब देशों की जेलों में है। भारत सरकार ने संसद में जो डेटा पेश किया है, उसने चौंका दिया है। भारत के ज्यादातर नागरिक जो बाहर काम करने या पढ़ाई करने के लिए गए थे। वे अब विदेशी जेलों में सजा काट रहे हैं। आखिर ऐसा क्यों हो रहा है? कौन सा देश भारतीयों के लिए खतरनाक साबित हो रहा है, आइए आपको बताते हैं। दरअसल, भारत सरकार ने संसद में बताया कि इस समय 10 हजार 152 भारतीय विदेशी जेलों में बंद हैं। 2022 में ये संख्या 8441 थी। यानी सिर्फ ढाई सालों में 1711 भारतीय विदेशों में गिरफ्तार हुए। ये भारतीय 86 देशों की जेलों में बंद हैं। लेकिन चौंकाने वाली बात ये है कि इनमें 50 प्रतिशत से ज्यादा अरब देशों में ही कैद हैं।
भारत सरकार ने जारी किए आंकड़े
सऊदी अरब में 2633 भारतीयों को जेल में डाला गया है। यूएई में 2518 भारतीय जेल में बंद हैं। कतर में 611 भारतीय जेल में बंद हैं। इन तीन देशों में ही कुल 5762 भारतीय जेलों में बंद हैं, जो कुल संख्या का 56.7 प्रतिशत है। सिंह द्वारा साझा किए गए आंकड़ों से पता चलता है कि बड़ी संख्या में भारतीय नागरिकों को विभिन्न देशों में मौत की सज़ा सुनाई गई है। इनमें संयुक्त अरब अमीरात में 25, सऊदी अरब में 11, मलेशिया में छह, कुवैत में तीन और इंडोनेशिया, कतर, अमेरिका और यमन में एक-एक भारतीय शामिल हैं। भारत सरकार उन भारतीय नागरिकों को सहायता प्रदान कर रही है जिन्हें मृत्युदंड की सजा सुनाई गई है, जिसमें अपील और दया याचिका दायर करने जैसे कानूनी उपायों की तलाश में उनकी मदद करना शामिल है। विदेश में भारतीय मिशन/केंद्र उन भारतीय नागरिकों को हर संभव सहायता प्रदान करते हैं जिन्हें विदेशी अदालतों द्वारा मृत्युदंड की सजा सुनाई गई है, जिसमें मृत्युदंड भी शामिल है।