By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Feb 16, 2022
पल्लवी पटेल ने एक साक्षात्कार में बताया, ‘‘मुझे लगता है कि वह (केशव मौर्य) यहां जनता का सामना कर रहे हैं, न कि विपक्षी उम्मीदवार (पल्लवी) का। इसलिए, यह वास्तव में यह लड़ाई उपमुख्यमंत्री और उनसे असंतुष्ट लोगों के बीच है। यहां के लोगों के लिए, मैं चेहरा हूं।’’ उनसे पूछा गया कि मौर्य ‘सिराथू का बेटा’ होने का दावा करते हैं, इसपर पल्लवी ने कहा, ‘‘मैं इस तथ्य से इनकार नहीं करती कि वह वहां (सिराथू का) के बेटे हैं, लेकिन मेरी शादी इसी जिले में हुई है, इसलिए मैं कौशांबी की बहू हूं।’’ कौशांबी विधानसभा सीट के लिए मतदान पांचवें चरण में 27 फरवरी को होना है। उपमुख्यमंत्री पर हमला तेज करते हुए पल्लवी ने कहा, ‘‘मैंने उन्हें निकम्मा (बेकार) कहा था और मैं अब भी उस पर कायम हूं। मुझे अब भी विश्वास है कि उन्होंने यहां के लिए पर्याप्त नहीं किया है, जो उनसे अपेक्षित था। उन्होंने कहा, ‘‘बेटियों और बहुओं को अब जिम्मेदारी उठाने आगे आना (समस्याओं को हल करने के लिए) होगा।’’ यह पूछे जाने पर कि उनकी बहन अनुप्रिया ने प्रतापगढ़ सीट से अपनी मां कृष्णा पटेल के खिलाफ अपनी पार्टी की उम्मीदवारी वापस ले ली है, पल्लवी ने कहा, ‘‘देखिए, मेरा मानना है कि अनुप्रिया ने अपना उम्मीदवार वापस नहीं लिया है। बल्कि उन्होंने वह सीट भाजपा के हिस्से में डाल दी है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘अगर उनके मन में माताजी के लिए इतना सम्मान है, तो उन्होंने अपने गठबंधन सहयोगी को वहां से उम्मीदवार खड़ा करने के लिए भी नहीं कहा होता। उन्होंने सम्मान के कारण अपना उम्मीदवार वापस नहीं लिया है। उन्होंने डर के कारण ऐसा किया है।’’ भाजपा पर हमला तेज करते हुए पल्लवी ने कहा, ‘‘भाजपा के लिए चुनाव से पहले हर कोई हिंदू हो जाता है और चुनाव खत्म होने के बाद उनमें से आधे दलित हो जाते हैं, जबकि बाकी पिछड़े हो जाते हैं। यही उनकी रणनीति है।