हमें सभी शक्तियों की जरूरत, केंद्र के साथ चल रहे टकराव के बीच स्टालिन ने पेश कर दिया तमिलनाडु को स्वायत्त करने का प्रस्ताव

By अभिनय आकाश | Apr 15, 2025

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने मंगलवार को केंद्र सरकार पर कड़ा हमला करते हुए उस पर राज्यों के अधिकारों का अतिक्रमण करने का आरोप लगाया। एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए स्टालिन ने राज्य विधानसभा में सुप्रीम कोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश न्यायमूर्ति कुरियन जोसेफ की अध्यक्षता में एक समिति के गठन की घोषणा की। यह समिति संघवाद से जुड़े सभी पहलुओं का अध्ययन करेगी और तमिलनाडु के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए राज्य सरकार को एक व्यापक रिपोर्ट सौंपेगी।  

स्टालिन की घोषणा पूर्व सीएम एम करुणानिधि द्वारा 1969 में की गई इसी तरह की पहल की याद दिलाती है, जब विधानसभा में राज्य की स्वायत्तता पर एक प्रस्ताव पारित किया गया था और एक सेवानिवृत्त न्यायाधीश को इस मुद्दे की जांच करने का काम सौंपा गया था। निष्कर्षों को बाद में 1974 में एक अन्य प्रस्ताव के माध्यम से अपनाया गया था।

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डीएमके बनाम केंद्र

स्टालिन के नेतृत्व वाली डीएमके सरकार ने कई प्रमुख मुद्दों पर मोदी सरकार के साथ बार-बार टकराव किया है, जिसमें NEET, भाषा नीति, कुलपतियों की नियुक्ति और परिसीमन शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जबकि संविधान संघ सूची, राज्य सूची और समवर्ती सूची के माध्यम से जिम्मेदारियों के विभाजन को स्पष्ट रूप से परिभाषित करता है, वर्तमान केंद्र सरकार इन प्रावधानों की अवहेलना कर रही है और चिकित्सा शिक्षा, कानून और न्याय और राजस्व जैसे विषयों का उल्लंघन कर रही है।

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