By अभिनय आकाश | Jun 27, 2026
अगले कुछ दिनों में खालिस्तानी आतंकवादियों द्वारा संभावित आतंकी हमले की जानकारी मिलने के बाद दिल्ली और उत्तराखंड में हाई अलर्ट जारी किया है। अलर्ट में चेतावनी दी गई है कि खालिस्तानी आतंकवादी उत्तराखंड और दिल्ली के प्रमुख मंदिरों को निशाना बना सकते हैं। धार्मिक स्थलों के अलावा, सरकारी संस्थानों, रेलवे स्टेशनों और पुलिस प्रतिष्ठानों को भी संभावित लक्ष्यों के रूप में चिह्नित किया गया है। यह अलर्ट अधिकारियों को एक संदिग्ध ईमेल मिलने के बाद जारी किया गया, जिसमें कथित तौर पर कई मंदिरों, सरकारी कार्यालयों और राजनीतिक नेताओं का संभावित लक्ष्यों के रूप में ज़िक्र था। सुरक्षा एजेंसियां ईमेल की सामग्री को गंभीरता से ले रही हैं।
यह अलर्ट राजस्थान एंटी-टेररिस्ट स्क्वाड (ATS) द्वारा बबीता धाकड़ उर्फ़ खदीजा नाम की महिला को गिरफ्तार किए जाने के कुछ दिनों बाद आया है। उस पर पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन 'जैश-ए-मोहम्मद' के सदस्यों के संपर्क में रहने का आरोप है। आरोपी महिला गंगापुर सिटी की रहने वाली थी और जयपुर में रह रही थी। देश-विरोधी तत्वों से उसके संबंध होने की खुफिया जानकारी मिलने के बाद उसे हिरासत में लिया गया।स उसके मोबाइल फोन की शुरुआती जांच में पता चला कि वह दो सिम कार्ड और एक फेसबुक अकाउंट इस्तेमाल कर रही थी। फेसबुक अकाउंट पर आपत्तिजनक कंटेंट और विदेशी प्रोफाइल के लिंक मौजूद थे। अधिकारियों ने बताया कि उसकी फ्रेंड लिस्ट में कई प्रोफाइल पर झंडे, जैश-ए-मोहम्मद और अन्य चरमपंथी संगठनों से जुड़ा प्रोपेगैंडा, और हथियारबंद आतंकियों जैसी तस्वीरें दिखाई दीं। जांच में यह भी पता चला कि वह व्हाट्सएप के ज़रिए कई पाकिस्तानी और अन्य विदेशी नंबरों के संपर्क में थी। सूत्रों के मुताबिक, उसकी कॉन्टैक्ट लिस्ट में मिले कुछ पाकिस्तानी नंबरों के आतंकी ऑपरेटिव्स से जुड़े होने का शक है। सूत्रों ने यह भी दावा किया कि पूछताछ के दौरान आरोपी महिला ने जांचकर्ताओं को बताया कि पाकिस्तान स्थित एक मुफ्ती के फोन पर दिए गए निर्देशों के बाद उसने इस्लाम अपना लिया था। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उसके हैंडलर्स उसे पाकिस्तान भेजने की योजना बना रहे थे।