कोहली की कप्तानी पर गंभीर ने उठाए सवाल, कहा- धोनी और रोहित से तुलना नहीं

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Mar 19, 2019

नयी दल्ली। पूर्व सलामी बल्लेबाज गौतम गंभीर को लगता है कि विराट कोहली ‘चतुर कप्तान’ नहीं हैं और इस मामले में उनकी तुलना भारत के पूर्व कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी और सीमित ओवरों के प्रारूप में टीम के उपकप्तान रोहित शर्मा से नहीं की जा सकती। महेन्द्र सिंह धोनी और रोहित शर्मा की कप्तानी में चेन्नई सुपरकिंग्स और मुंबई इंडियन्स ने तीन-तीन बार इंडियन प्रीमियर लीग के खिताब जीते हैं। अपनी कप्तानी में कोलकाता नाईट राइडर्स (केकेआर) को 2012 और 2014 में चैम्पियन बनाने वाले गंभीर ने कहा कि कोहली भाग्यशाली हैं कि कप्तान के तौर पर पिछले आठ साल से टीम को खिताब नहीं दिला पाने के बाद भी वह रॉयल चैलेंजर बेंगलूर के साथ बने हुए हैं। 

गंभीर ने कहा, ‘‘मैं उन्हें चतुर कप्तान के तौर पर नहीं देखता हूं। मैं उन्हें रणनीतिक कप्तान के रूप में भी नहीं देखता हूं। उन्होंने आईपीएल नहीं जीता है। एक कप्तान उतना ही अच्छा होता है जितना अच्छा उसका रिकार्ड होता है।’’ गंभीर की टिप्पणी हालांकि आईपीएल में एक कप्तान के रूप में कोहली की सफलता के बारे है क्योंकि वह पहले कप्तान हैं जिन्होंने भारत को ऑस्ट्रेलियाई सरजमीं पर टेस्ट श्रृंखला में जीत दिलाई है।

इसे भी पढ़ें: बुधवार को करीब 25 लाख चौकीदारों संग संवाद करेंगे प्रधानमंत्री मोदी

गंभीर ने कहा, ‘‘आईपीएल में ऐसे कप्तान हैं जिन्होंने तीन बार ट्रॉफी जीती है। धोनी और रोहित। इसलिए मुझे लगता है कि कोहली को अभी लंबा रास्ता तय करना है। आप इस मामले में उनकी तुलना रोहित या धोनी से नहीं कर सकते।’’केकेआर के साथ सात साल तक खेलने के बाद 2018 में टीम से अलग हुए गंभीर ने कहा, ‘‘कोहली आरसीबी का हिस्सा रहे हैं और पिछले सात-आठ वर्षों से टीम की कप्तानी कर रहे हैं। वह बहुत भाग्यशाली रहे हैं और उन्हें इस फ्रैंचाइजी को धन्यवाद देना चाहिए कि वे उनके साथ बने रहे। क्योंकि टूर्नामेंट नहीं जीतने वाले कई कप्तानों को इतना लंबा समय नहीं दिया जाता।’’

प्रमुख खबरें

Summer Body Odour को कहें Bye-Bye, घर पर बनाएं ये कमाल का Natural Powder

Relationship में Partner बना रहा है दूरी? ये आसान Tips आपकी Love Life को फिर से संवारेंगी

BJP सांसद Jagdambika Pal की सरकार से बड़ी मांग, Anganwadi Workers का मानदेय एक समान हो

अमेरिका-ईरान युद्ध से अब इंटरनेट सेवाओं पर संकट के बादल