आयकर आकलन में किसी अधिकारी के पास जाने की जरूरत नहीं होगी : CBDT

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Feb 03, 2019

नयी दिल्ली। आयकर आकलन के सिलसिले में अगले दो साल में करदाताओं को किसी अधिकारी का आमना-सामना नहीं करना होगा। केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) के चेयरमैन सुशील चंद्रा ने पीटीआई के साथ साक्षात्कार में कहा कि सरकार प्रक्रियाओं को सुगम बनाने का प्रयास कर रही है। सरकार की इसी पहल के तहत आयकर दाताओं को पहले से भरे रिटर्न फॉर्म उपलब्ध कराए जाएंगे। 

इसे भी पढ़ें- शीर्ष दस कंपनियों में से पांच का बाजार पूंजीकरण 65,426 करोड़ रुपये बढ़ा

उन्होंने कहा कि इससे रिटर्न की जांच पड़ताल 24 घंटे में हो सकेगी। हमने सीपीसी 2.0 का परिचालन करने वाले वेंडर से यह करार किया है कि यदि आयकर रिटर्न को एक दिन में जांच लिया जाता है तो उसे अधिक पैसा दिया जाएगा। हमें उम्मीद है कि यह प्रणाली दो साल में लागू हो जाएगी। इससे कर अनुपालन भी बेहतर हो सकेगा। बेंगलुरु में मौजूदा सीपीसी आयकर विभाग की नोडल इकाई जो सभी वर्गों के आयकरदाताओं द्वारा दाखिल किए गए आयकर रिटर्न की जांच करती है।

इसे भी पढ़ें- केंद्र ने राज्यों से छोटे किसानों की पहचान करने के लिये कहा: नीति आयोग

वित्त मंत्री पीयूष गोयल की अंतरिम बजट घोषणा कि आयकर विभाग अब उस दिशा में बढ़ रहा है जबकि आयकरदाताओं को अधिकारियों का सामना करने की जरूरत नहीं होगी, सीबीडीटी प्रमुख ने कहा कि विभाग पहले ही इस पहल पर काम कर रहा है। उन्होंने बताया कि अभी 0.46 प्रतिशत आयकर मामलों की जांच के दायरे में लाए जाते हैं। 99.54 प्रतिशत आयकर रिटर्न जैसे होते हैं उन्हें वैसे ही स्वीकार किया जाता है।

प्रमुख खबरें

Amazon का भारत में 48 अरब डॉलर का Mega Investment, PM मोदी बोले- युवाओं के लिए खुलेंगे नए मौके

King Charles ने तोड़ी शाही परंपरा, पहली बार अपना Personal Tax Bill सार्वजनिक करेंगे

MP में ED का बड़ा एक्शन, LNCT Group पर छापे में करोड़ों का कैश-गोल्ड जब्त

West Bengal: कमर पर रस्सी, हाथ जोड़े... Malda में TMC के पूर्व बाहुबली नेता बकुल शेख को सरेआम घुमाया गया