Assam Profile: असम के इतिहास से जुड़े हैं ये रोचक तथ्य, यहां समझिए

By अनन्या मिश्रा | Mar 27, 2026

02 दिसंबर का दिन असम के लिए काफी खास दिन है। यह भारत में असम राज्य की स्थापना की याद में मनाया जाने वाला उत्सव है। ऐतिहासिक दृष्टि से साल 1963 असम राज्य के गठन का प्रतीक है। साल 1963 में अरुणाचल प्रदेश, मिजोरम, नागालैंड और मेघालय को मिलाकर बड़े राज्य का हिस्सा था। वहीं 02 दिसंबर 1963 को 1956 के राज्य पुनर्गठ अधिनियम लागू होने के बाद से नागालैंड और मेघालय, असम से अलग हो गए। जिससे आज के समय में असम राज्य का जन्म हुआ।

इसे भी पढ़ें: West Bengal Profile: बंटवारे से बना West Bengal आज क्यों है सियासी रणक्षेत्र, समझिए 2026 का Mission

भाषा और धर्म

असम राज्य की कुल आबादी में करीब 61.47% आबादी हिंदू है। वहीं 34.22% आबादी मुस्लिम है। वहीं 3.74% आबादी ईसाई और बाकी अन्य धर्म से संबंधित जैसे- बौद्ध, जैन आदि शामिल हैं। आजादी के बाद असम एक बड़ा राज्य है। उस समय असम की राजधानी शिलांग थी। असम की राजधानी दिसपुर हो गया। असम में ब्रह्मपुत्र नदी काफी फेमस है। यह करीब 100 किमी चौड़ी है।

राजनीतिक पार्टियां

असम में राजनीतिक प्रतिनिधित्व में कई अहम बदलाव हुए हैं। जोकि मुख्य रूप से पार्टी पुनर्गठन, चुनाओं और जनमत की वजह से हुए हैं। असम में मुख्य सियासी दल में भारतीय जनता पार्टी, असम गण परिषद, कांग्रेस और ऑल इंडिया यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट शामिल हैं। बता दें कि साल 2021 से हिमंत बिस्वा सरमा के नेतृत्व में राज्य में भाजपा सत्तारूढ़ है। वहीं अन्य क्षेत्रीय पार्टियों में यूनाइटेड पीपुल्स पार्टी लिबरल और बोडोलैंड पीपुल्स फ्रंट शामिल हैं।

लोकसभा और विधानसभा सीटें

असम राज्य में कुल 126 विधानसभा सीटें हैं। वहीं हाल ही में निर्वाचन आयोग ने परिसीमन के बाद भी विधानसभा सीटों की संख्या 126 और लोकसभा सीटों की संख्या 14 पर बरकरार रखा है। वर्तमान समय में असम में हिमंत बिस्वा सरमा के नेतृत्व में भाजपा (NDA) की सरकार है।

लोकसभा सीटें- 14

विधानसभा सीटें - 126

वर्तमान सीएम- हिमंत बिस्वा सरमा

अनुमानित जनसंख्या- 3,12,05,576

अनुमानित पुरुष जनसंख्या- 1,59,39,443

अनुमानित महिला जनसंख्या- 1,52,66,133

साक्षरता दर- करीब 72.19%

प्रमुख खबरें

Fashion Tips: Office Meeting हो या Dinner Date, ये 5 ट्रेंडी बैग्स आपके स्टाइल में लगा देंगे चार चांद

H-1B Visa पर भारी शुल्क से नौकरियां बाहर जाने की आशंका, FIIDS ने चेताया

Mayawati की Hijab विवाद पर नसीहत: Ambedkar का संविधान सबको समान अधिकार देता है

Pakistan के PIMS Hospital में आग लगने से 15 नवजात शिशुओं की मौत, शॉर्ट सर्किट की आशंका