By अनन्या मिश्रा | Apr 06, 2026
नवरात्रि की नवमी तिथि को लोग अक्सर व्रत और पूजा कर देते हैं। लेकिन यह तिथि सिर्फ पूजा-उपासना नहीं बल्कि ऊर्जा को स्थिर करने और इसको परिणाम की ओर मोड़ने का समय होता है। अष्टमी तिथि पर जागृत शक्ति नवमी तिथि पर दिशा पकड़ती है। यही वजह है कि इस दिए किए गए छोटे-छोटे उपाय भी गहरा असर डालते हैं। लेकिन इनमें सबसे असरदार माध्यम लौंग है।
अगर आपके घर में बिना कारण तनाव है, भारीपन है या फिर बार-बार काम अटक रहे हैं। तो आपको यह उपाय करना चाहिए।
नवमी को 9 या फिर 27 लौंग लें।
इन लौंग को कपूर के साथ जलाएं और इसका धुआं पूरे घर में दें।
मुख्य द्वार, घर के कोने और रसोई में विशेष ध्यान दें।
अगर कोई काम लंबे समय से पूरा नहीं हो रहा है तो इसको गति देने के लिए यह उपाय किया जा सकता है।
मां दुर्गा के सामने 9 या फिर 18 लौंग रखें।
घी का दीपक जलाकर कुछ समय शांत बैठें और संकल्प लें।
पूजा के बाद इन लौंग को अपने पास रखें या फिर अगले दिन बहते हुए पानी में प्रवाहित कर दें।
यह उपाय मन को दिशा देता है।
अगर अनावश्यक खर्च बढ़ रहा है या फिर पैसे आकर नहीं रुक रहे हैं, तो यह उपाय जरूर करना चाहिए।
नवमी तिथि को 11 या 18 लौंग लें।
फिर इन लौंग को हल्दी से स्पर्श करवाकर अपनी तिजोरी या पर्स में रखें।
इस उपाय का प्रभाव धीरे-धीरे दिखेगा।
अगर बोलते समय आपका आत्मविश्वास कम हो जाता है या फिर शब्द आपका साथ नहीं देते हैं तो आपको यह उपाय करना चाहिए।
नवमी तिथि को सुबह 11 लौंग अपने सामना रखें।
इनमें से एक लौंग को अपने मुंह में कुछ समय के लिए रखें और फिर बाहर निकाल दें।
बाकी की बची लौंग को अपने कार्यस्थल पर या फिर अपने पास रखें।
अगर आपका मन अशांत है, चिंता या बेचैनी बढ़ी हुई है तो आपको यह उपाय करना चाहिए।
इसके लिए घी का दीपक जलाएं और इसमें 9 या 11 लौंग डालें। या छोटे हवन में 27 लौंगों की आहुति दें।
इस उपाय को करने से मन शांत होता है। वहीं यह उपाय राहु-केतु के मानसिक प्रभाव को संतुलित करने में सहायक होता है।
अगर आपका काम बार-बार शुरू होकर रुक जाता है तो आपको यह उपाय करना चाहिए।
नवमी तिथि को 9 या 11 लौंग और एक सुपारी लें।
फिर इनको एक लाल कपड़े में बांधकर मंदिर या फिर अपने कार्यस्थल पर रखें।
यह उपाय ऊर्जा को एक बिंदु पर लाता है। जिससे बार-बार आने वाली रुकावट कम होती है।
अगर घर या रिश्तों में तनाव बढ़ गया है तो आपको लौंग का यह उपाय जरूर करना चाहिए।
इसके लिए 9 या 18 लौंग लेकर शहद में कुछ समय के लिए रख दें।
फिर परिवार के सदस्यों को थोड़ा-थोड़ा शहद दें।
इस उपाय का असर वाणी और व्यवहार दोनों पर देखने को मिलता है। यह कठोरता को नम्रता में बदल देता है।
अगर आप यात्रा पर जा रहे हैं या फिर किसी नए काम की शुरूआत कर रहे हैं, तो आपको यह उपाय जरूर करना चाहिए।
घर से निकलते समय 9 लौंग को अपने साथ रख लें।
फिर काम पूरा होते ही इन लौंग को किसी पेड़ के नीचे रख दें।
अगर आपके मन में भी बार-बार संशय आता है या फिर निर्णय लेने में कठिनाई होती है, तो आपको यह उपाय करना चाहिए।
नवमी की सुबह 9 या फिर 27 लौंग हाथ में लेकर कुछ समय के लिए शांत बैठें।
फिर इन लौंग को किसी पवित्र स्थान पर रख दें।
यह अभ्यास आपके मन को धीरे-धीरे स्थिर करता है और निर्णय लेने की क्षमता को भी मजबूत करता है।