नया साल मनाने के लिए (व्यंग्य)

By संतोष उत्सुक | Dec 30, 2023

नया साल जब तक घर से दूर किसी पहाड़ी जगह पर न मनाया जाए तब तक लुत्फ़ नहीं आता। पुराना तो जैसे कैसे जा रहा होता है नया नाराज़ हो जाता है। बहुत से पिछड़े हुए लोग कहते हैं कि नया साल अपने घर में ही मनाना चाहिए। पत्नी अगर उस दिन खाना पकाने में असहाय दिखे तो बाहर से कुछ भी मंगाकर खा सकते हैं। आजकल तो कितनी कम्पनियों ने खाना आपके घर, अविलम्ब पकड़ाने की होड़ मचा रखी है।   

इसे भी पढ़ें: इतिहास कब भूलता है (व्यंग्य)

पिछले कई दिनों से अखबारों और असामाजिक मीडिया की ख़बरों ने हमें उकसाया कि कुछ सवाल पर्यटन समन्वयक से किए जाएं। हमने पूछा कि मनाली और शिमला जाने वाली सैंकड़ों गाड़ियां ट्रैफिक जैम में फंसी हुई हैं तो उन्होंने कहा कि यह एक टेम्परेरी फेस है। इस बहाने आपकी तेज़ ज़िंदगी में धीमापन आएगा जो आपको शांत और सौम्य रखेगा। आप गाड़ी से उतरकर सड़क के किनारे घूम सकते हो। हरियाली, बादल, नए पहाड़, गहरी खाइयां, सूखी नदियां देख सकते हो। अगर जैम न लगे तो आप कभी नहीं रुकोगे। ठहराव के बीच हो सकता है दूसरे पर्यटकों से दोस्ती हो जाए। आपके टेस्ट के कुछ बंदे मिल जाएं। आस पास कोई रेस्तरां हो वहां नए स्वाद चख सकते हैं। नई जगह फ़ोटोज़ खींचकर तुरंत अपलोड कर सकते हो।

हमने पूछा, सुना है कई किलोमीटर लंबा जैम भी हो सकता है। उन्होंने कहा ठंड के मौसम में यही तो याद रखने लायक अनुभव होगा जो आपको नई हिम्मत भी देगा। नए साल के उपलक्ष्य में ऐसा सबके साथ नहीं होता। इस बीच आप अपने परिवार या दोस्तों से लम्बी बातें कर सकते हैं। सड़क के किनारे अलाव जलाकर मनपसंद गाने सुन और गा सकते, डांस कर सकते हो। ऐसा आपने कभी ख़्वाब में नहीं सोचा होगा। हमने पूछा अगर ड्राइव करते हुए धुंध हो तो उन्होंने कहा ऐसा हो जाए तो आपके जीवन में रोमांच भर जाएगा यानी अनूठा अनुभव। 

नए साल मनाने के शुभ अवसर पर हमने पूछा, कई बार लगता है क्या हम नया साल मनाने के लिए बुक किए होटल में समय से पहले पहुंच जाएंगे तो उन्होंने सकारात्मकता की वाइन का नया डोज़ दिया, आप ज़रूर पहुंचेंगे। ट्रैफिक पुलिस लगातार कोशिश कर रही है कि नया साल सही समय पर आपके जीवन में प्रवेश कर जाए। मान लीजिए आपकी गाडी को, सड़क पर मस्त चाल में चलते हुए, पुराने साल से नए साल में प्रवेश करना ही पड़ता है तो यह तो और भी ज़बदस्त विरला क्षण होगा। आप सब खूब शोर मचाकर जितना चाहे मज़ा ले सकते हैं। अगर एक रात, कार में गुजारनी पड़े, ज़रा सोचकर देखिए यह तो वाकई कमाल होगा। खबर मिली है कि कुछ सामाजिक संगठनों ने खाने के पैकेट और पानी की छोटी बोतलें मुफ्त देनी शुरू कर दी हैं। 

उनकी बातों से हमारी सोच को बल मिला कि नए साल में नए अनुभव न हों तो क्या नया हुआ। इसलिए परिस्थितियां कुछ भी रहें खुश रहिए। क्या नया मनाना और पुराना भूल जाना।

- संतोष उत्सुक

प्रमुख खबरें

Sabarimala Women Entry Controversy | केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट में परंपरा का किया बचाव, कहा- ब्रह्मचर्य है आधार, भेदभाव नहीं

सावधान! आपके बच्चों पर है ISIS आतंकियों की नज़र! Rizwan Ahmed की बम किट ने खोली खौफनाक आतंकी साजिश की पोल!

Pica Eating Disorder Causes: चॉक-मिट्टी खाने की आदत है Iron Deficiency का संकेत, एक्सपर्ट ने बताई वजह

Mojtaba Khamenei Unconscious | ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई अस्पताल में बेहोश, शासन चलाने में असमर्थ