Truecaller vs TRAI: स्पैम कॉल पहचान के मुद्दे पर बढ़ा विवाद, CEO Rishit Jhunjhunwala ने MeitY के अधिकारों का दिया हवाला

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jul 14, 2026

 कॉलर पहचान सेवा देने वाली कंपनी ट्रूकॉलर के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) रिशित झुनझुनवाला ने कहा है कि उपयोगकर्ताओं को दिखाई जाने वाली सूचना तय करने के लिए किसी आईटी मध्यस्थ कंपनी को बाध्य करना और उसे अपने स्वामित्व वाली सूचनाएं साझा करने को कहना, सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के अधिकार क्षेत्र में आने वाले नियामकीय ढांचे पर अतिक्रमण होगा। झुनझुनवाला की यह टिप्पणी दूरसंचार विनियामक ट्राई और ट्रूकॉलर के बीच विशेष नंबर शृंखला (1600) से आने वाली कॉल की पहचान को लेकर जारी विवाद के बीच आई है।

इस मुद्दे पर झुनझुनवाला ने पीटीआई-के साथ बातचीत में कहा, “ट्राई के अधिकार क्षेत्र को बढ़ाकर किसी आईटी मध्यस्थ को यह निर्देश देना कि वह उपयोगकर्ताओं को कौन-सी जानकारी दिखाए और उसे अपने स्वामित्व वाली जानकारी दूरसंचार संचालित रजिस्ट्री के साथ साझा करने के लिए बाध्य करना, सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) मंत्रालय के दायरे में शामिल नियामकीय ढांचे पर अतिक्रमण होगा।” उन्होंने कहा, ‘‘यदि इस तरह का संशोधन अधिकार क्षेत्र के सवाल को हल किए बगैर आगे बढ़ता है, तो इससे अन्य आईटी मध्यस्थों पर भी आईटी मंत्रालय के बाहर की एजेंसियों द्वारा नियामकीय दावे किए जा सकते हैं, जिससे कानूनी निश्चितता और निवेशकों के भरोसे पर असर पड़ सकता है।’’

ट्राई ने खुद को सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के तहत अधिकृत एजेंसी घोषित किए जाने का भी आग्रह किया है, ताकि वह कॉल प्रबंधन ऐप के खिलाफ कार्रवाई कर सके। इस मुद्दे पर फिलहाल आईटी मंत्रालय विचार कर रहा है। मंत्रालय के अधिकारियों ने कहा है कि मामला ट्रूकॉलर से अधिक नियामकीय अधिकार क्षेत्र के तकनीकी पहलू से जुड़ा है और इस पर निर्णय लिया जाएगा कि ट्राई को अधिकृत करने के लिए उपयुक्त प्राधिकरण कौन होगा।

झुनझुनवाला ने कहा कि ट्रूकॉलर का ध्यान रचनात्मक संवाद पर है और वह ट्राई, आईटी मंत्रालय, दूरसंचार विभाग और अन्य पक्षों के साथ मिलकर ऐसा समाधान खोजने के लिए प्रतिबद्ध है, जो उपभोक्ता सुरक्षा को मजबूत करे और पारदर्शिता बनाए रखे।

उन्होंने कहा कि स्पैम कॉल रोकने के लक्ष्य पर कोई मतभेद नहीं है, लेकिन उपभोक्ताओं को कम जानकारी देना समाधान नहीं है। इसके साथ ही कंपनी ने कहा कि वह उपयोगकर्ताओं को चेतावनी देने के लिए ‘बार-बार ब्लॉक’ नंबर का टैग दिखाना जारी रखेगी, जो लाखों उपभोक्ताओं की रिपोर्ट और एल्गोरिद्म के विश्लेषण पर आधारित होता है।

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