By अभिनय आकाश | Apr 25, 2026
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने भारत को लेकर विवादित बयान दिया और भारत विरोधी अपनी मानसिकता और अपनी सोच का सबूत पेश किया। 22 अप्रैल 2026 को अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट से एक पोस्ट शेयर किया जिसमें अमेरिका के एक रेडियो होस्ट माइकल सैवेज के पडकास्ट की टिप्पणियां थी। इस पोस्ट में भारत और चीन को हेलहोल यानी नरक बताया गया। भारतीय और चीनी मूल के प्रवासियों को लैपटॉप वाले गैंगस्टर कहकर संबोधित किया गया। इस पोस्ट में दावा किया गया है कि भारत और चीन जैसे देशों से आए प्रवासियों ने अमेरिका को माफिया परिवारों से भी ज्यादा नुकसान पहुंचाया।
सोशल मीडिया पर लिखा कि हम रोटी और रेस्पेक्ट में भरोसा करते हैं। लेकिन जैसे ही साउथ इंडिया में कदम रखा भाई वो तो एकदम अलग ही लीक है। जैसे भारत ने अपना हेवन मूड अनलॉक कर लिया हो। यकीन मानो वो और भी खूबसूरत [संगीत] है। ईरान ना सिर्फ भारत की तारीफ कर रहा है बल्कि ट्रंप के मुंह पर तमाचा भी जड़ रहा है। दुनिया भर में जब ट्रंप की आलोचना होने लगी तब ट्रंप को होश आया। तुरंत उन्होंने अपनी गलती सुधारी। भारत को लेकर दिए विवादित बयान पर सफाई दी। गलती का एहसास करते हुए ट्रंप ने लिखा भारत एक महान देश है जिसके शीर्ष पर मेरा एक बहुत अच्छा दोस्त है। अच्छा हुआ ट्रंप को अपनी गलती का एहसास हो गया लेकिन ट्रंप को भूलना नहीं चाहिए। जिस भारत को वह नर्क बता रहे हैं, उसी देश के नागरिक अमेरिका की समृद्धि में अपना योगदान दे रहे हैं। अमेरिका की जीडीपी का सबसे ज्यादा हिस्सा यानी लगभग 10% टैक्स सेक्टर से आता है।
सत्य नडेला माइक्रोसॉफ्ट चलाते हैं। सुंदर पिचई Google को लीड करते हैं। अरविंद कृष्णा आईबीएम के चेयरमैन और सीईओ हैं। आज अमेरिका की 500 सबसे बड़ी कंपनियों में करीब 20 कंपनियां भारतीय मूल के सीईओ चला रहे हैं। लेकिन लगता है कि डोन्ड ट्रंप की सोच दूषित हो गई है। उनको यह तक समझ में नहीं आ रहा क्या अमेरिका के हित में है और किस चीज से अमेरिका की तरक्की रुक सकती है।