UAE-Saudi Arab का कट्टरता के खिलाफ बड़ा एक्शन, भारतीय मुस्लिमों को भी हैरान कर देगा ये कदम

By अभिनय आकाश | Jan 14, 2025

दुनिया के दो सबसे ताकतवर मुस्लिम देशों ने ऐसा ऐलान किया है, जिसने पूरी दुनिया में मुस्लिमों को हैरान कर दिया है। सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात ने ऐसा फैसला ले लिया है जिसे देख भारत के मुस्लिम भी चौंक जाएंगे। संयुक्त अरब अमीरात ने ब्रिटेन के आठ संगठनों को आतंकी संगठन घोषित कर ब्लैक लिस्ट में डाल दिया है। अब इसमें नय और बड़ा क्या है ये आपको बताते हैं। दरअसल, ब्रिटेन पर लगातार आतंकियों और कट्टरपंथियों को पालने का आरोप लगता आया है। ब्रिटेन चुपचाप भारत के दो पड़ोसी देशों को मदद भी दे रहा है। ब्रिटेन एक तरफ बांग्लादेश में मोहम्मद युनूस सरकार को समर्थन दे रहा है तो दूसरी तरफ अपने देश में पाकिस्तानियों द्वारा चलाए जा रहे ग्रूमिंग गैंग को भी बचा रहा है। ये पाकिस्तानी हजारों ब्रिटिश बच्चियों का रेप कर चुके हैं। लेकिन ब्रिटेन की सरकार पाकिस्तानियों पर एक्शन नहीं ले रही थी। लेकिन अब संयुक्त अरब अमीरात ने ब्रिटेन पर ही एक्शन ले लिया। संयुक्त अरब अमीरात ने 11 लोगों और ब्रिटेन से चलने वाले आठ संगठनों को ब्लैक लिस्ट कर दिया है। 

इसे भी पढ़ें: Jan Gan Man: Pakistan की पूंछ कभी सीधी नहीं हो सकती, J&K में आतंक का अब भी सबसे बड़ा स्रोत है पाक

दूसरी तरफ सऊदी अरब की प्रिंस ने पहली बार इतिहास रच दिया है। इस्लाम के गढ़ सऊदी अरब की प्रिसेंज मशाल बिंत फैसल अल सौद ने योग की दुनिया में एक नया इतिहास रचा है। राजकुमारी मशाल बिंत फैसल अल सौद इतिहास में पहली बार एशियाई योग खेल फेडरेशन के बोर्ड में एक सदस्य चुनी गई हैं। राजकुमारी मशाल एशियाई योगासन खेल संघ में सऊदी अरब का प्रतिनिधित्व करेंगी। इसके अलावा वह महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा से जुड़ी समिति की अध्यक्ष के तौर पर नेतृत्व करेंगी। योग को लेकर एक नया इतिहास रचने के बाद सऊदी योग समिति सहित कई भारतीयों ने भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर राजकुमारी मशाल को ढेर सारी शुभकामनाएं दी हैं। 

प्रमुख खबरें

NIA कोर्ट ने PFI के 4 सदस्यों को शशिकुमार मर्डर केस में सुनाई उम्रकैद

AIIMS Nagpur: सुरक्षा के आश्वासन के बाद रेजिडेंट डॉक्टरों की हड़ताल खत्म

Odisha School Textbooks में मिलीं 1741 गलतियां, सरकार ने पूर्व निदेशक सहित चार को किया निलंबित

S Jaishankar ने नाविकों पर हमलों को बताया अस्वीकार्य, Liberia के साथ मिलकर बनाया मित्र समूह