केन्द्रीय मंत्री ने कृषि अध्यादेशों को लेकर देश को गुमराह किया, माफी मांगें: अमरिंदर सिंह

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Sep 15, 2020

चंडीगढ़। मुख्यमंत्री अमरिन्दर सिंह ने केन्द्रीय मंत्री राव साहेब दानवे पाटिल से संसद में दिये गए उस बयान पर माफी मांगने के लिये कहा है, जिसमें उन्होंने कथित रूप से कहा था कि पंजाब केन्द्र सरकार के कृषि अध्यादेशों का समर्थन करता है। सिंह ने दावा किया पाटिल ने देश को गुमराह किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सोमवार को लोकसभा में दिया गया दानवे का बयान पूरी तरह गलत है। उन्होंने दावा किया कि इसका मकसद राज्य की कांग्रेस सरकार को बदनाम करना है। >सोमवार को संसद के मॉनसून सत्र के पहले दिन केन्द्रीय उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण राज्य मंत्री दानवे ने कहा था कि कृषि से संबंधित उच्चस्तरीय समिति ने सभी सदस्य राज्यों के साथ विचार-विमर्श करके अध्यादेश लाने का फैसला किया है। सिंह ने बयान को खारिज करते हुए कहा कि ये अध्यादेश लाने के बारे में उच्चस्तरीय समिति द्वारा सुझाव देने का कोई सवाल ही नहीं उठता। केन्द्र सरकार ने महामारी के बीच ये अध्यादेश पेश किए और अब इन्हें पारित कराने के लिये संसद में पेश किया गया है। गौरतलब है कि सोमवार को लोकसभा में कृषि उत्पाद व्यापार एवं वाणिज्य (संवर्द्धन और सरलीकरण) विधेयक, किसान (सशक्तिकरण एवं संरक्षण) मूल्य आश्वासन समझौता विधेयक और कृषि सेवा अध्यादेश एवं आवश्यक वस्तु (संशोधन) विधेयक पेश किये गए थे। 

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मुख्यमंत्री ने कहा कि केन्द्रीय मंत्री का बयान संसदीय सिद्धांतों और शिष्टाचार का स्पष्ट तथा घोर उल्लंघन है। सिंह ने कहा कि मंत्री को लोकसभा में गलत तथ्य पेश करने के लिये तत्काल और स्पष्ट रूप से माफी मांगनी चाहिये। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार किसानों के अधिकारों और हितों को नुकसान पहुंचाने वाले किसी भी कदम का निरंतर और पुरजोर विरोध करती रहेगी।

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