By अभिनय आकाश | Jan 03, 2026
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अगर ईरान में और प्रदर्शनकारियों की हत्या होती है तो वाशिंगटन जवाबी कार्रवाई के लिए पूरी तरह तैयार है। यह बयान ईरान में महंगाई को लेकर हो रहे प्रदर्शनों के हिंसक रूप लेने के बाद आया है। ईरान के कई शहरों में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प हुई, जिसमें छह लोगों के मारे जाने की खबर है। अशांति बढ़ने के बाद ये पहली मौतें हैं। इन प्रदर्शनों के बीच ट्रंप और ईरानी शीर्ष अधिकारियों के बीच तीखी बयानबाजी हुई है। ट्रंप ने चेतावनी दी कि अगर ईरान ने शातिपूर्ण प्रदर्शनकारियो की हिसक हत्या की, तो अमेरिका हस्तक्षेप करेगा। इसके जवाब में ईरान की सुप्रीम नैशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिव अली लारीजानी ने कहा कि अमेरिका के लोगों को पता होना चाहिए कि ट्रंप ने दुस्साहस शुरू किया है। उन्हें अपने सैनिको का ख्याल रखना चाहिए। सुप्रीम लीडर खामेनेई के सलाहकार अली शामखानी ने चेतावनी दी कि कोई भी दखल देने वाला हाथ जो ईरान की सुरक्ष के बहुत करीब आएगा, उसे काट दिया जाएगा। ईरानियों ने अच्छे से देखा है कि US ने कैसे गाजा से अफगानिस्तान तक लोगों को बचाया।
आर्थिक मुद्दे से शुरू हुए ये प्रदर्शन अब सीधे तौर पर ईरान की धार्मिक सत्ता के खिलाफ नारेबाजी तक पहुंच गए है। ईरान के कई शहरों और गांवों में प्रदर्शन हो रहे हैं। खासकर ग्रमीण और छोटे शहरों में, जहां लुर समुदाय रहता है, वहां गुस्सा ज्यादा देखने को मिल रहा है। जून में इस्राइल के साथ हुए 12 दिन के युद्ध और अमेरिकी हमलों के बाद से ईरान पहले ही दबाव में है। एक्सपर्ट मान रहे हैं कि बढ़ते विरोध प्रदर्शन बड़ी चुनौती बन सकते हैं।
ईरान की सरकार मान रही है कि विरोध की वजह आर्थिक तंगी है। राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने कहा है कि सरकार लोगो की बात सुनना चाहती है. लेकिन मुद्रा पर काबू पाना मुश्किल हो रहा है। सुरक्षा बलों ने कुछ लोगों को गिरफ्तार भी किया है और हथियार जब्त करने का दावा किया है। 2022 में महसा अमिनी की मौत के बाद हुए प्रदर्शनौ के समय कई पत्रकारो को गिरफ्तार किया गया था, तभी स्थानीय मीडिया डर से खुलकर रिपोर्टिंग नहीं कर रहा। सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई के एडवाइजर अली शामखानी ने चेतावनी देते हुए कहा, 'ईरान की सुरक्षा में दखल देने वाले हाथ को काट दिया जाएगा।